उन्होंने कहा कि चीन के प्रस्ताव के मुताबिक, जो कुछ भी इंडोनेशिया में खरीदा जा सकता हो और यह गुणवत्तापूर्ण हो, उसकी खरीदारी स्थानीय स्तर पर ही होगी। साथ ही इस परियोजना से संबंधित रोजगार में स्थानीय लोगों को प्राथमिकता दी जाएगी।
उन्होंने कहा कि इस 60 फीसदी में स्थानीय निर्माण सामग्री और उपकरण का इस्तेमाल शामिल है।
राष्ट्रीय विकास एवं सुधार आयोग के प्रमुख शू शाओशी ने इस संबंध में व्यावहारिक अध्ययन से जुड़ी रपट 10 अगस्त को इंडोनेशिया को सौंप दी है।
इंडोनेशिया ने पिछले माह जकार्ता-बांडुंग हाईस्पीड रेलवे के निर्माण के लिए खुली नीलामी की घोषणा की थी। इससे दोनों शहरों के बीच यात्रा में लगने वाला तीन घंटे का समय घटकर 40 मिनट से भी कम हो जाने की उम्मीद है।
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