जकार्ता, 9 फरवरी (आईएएनएस)। इंडोनेशिया की एक अदालत ने आतंकवादी संगठन इस्लामिक स्टेट (आईएस) को समर्थन करने के आरोपी सात लोगों को सजा सुनाने का काम मंगलवार को शुरू कर दिया।
समाचार एजेंसी एफे की एक रिपोर्ट के मुताबिक, तुआह फेबरियानस्याह को मंगलवार को अदालत के समक्ष पेश किया गया, जहां उन्हें आतंकवादी समूह के प्रचार वीडियो को ऑनलाइन शेयर करने का दोषी ठहराते हुए पांच साल जेल की सजा सुनाई।
एक अन्य आरोपी अप्रिमूल हेंडरी को इंडोनेशियाई लोगों को सीरिया की यात्रा करने में मदद पहुंचाने के लिए तीन साल जेल की सजा सुनाई गई, वहीं अहमद जुनेदी को सीरिया में आतंकवादी प्रशिक्षण शिविर में शामिल होने व साजिश रचने के लिए तीन साल जेल की सजा सुनाई गई।
हेल्मी मुहम्मद अलमुदी को सीरिया में एक आतंकवादी शिविर में दो सप्ताह प्रशिक्षण पाने के लिए साढ़े तीन साल जेल की सजा सुनाई गई।
अधिकारियों ने कहा कि अन्य आरोपियों को सजा दिन में बाद में सुनाई जाएगी।
यह सुनवाई ऐसे वक्त में हो रही है, जब एक मानवाधिकार निगरानी संस्था (एचआरडब्ल्यू) ने बयान जारी कर इंडोनेशिया की संसद से आतंकवाद रोधी कानून में प्रस्तावित सुधारों को खारिज करने का अनुरोध किया है। संस्था के मुताबिक, यह कानून अनावश्यक रूप से व्यापक व अस्पष्ट है तथा अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता को अनावश्यक तौर पर आघात पहुंचाएगा।
इंडोनेशिया की संसद इस प्रस्ताव पर इस महीने की शुरुआत में विचार कर सकती है।
कानून में प्रस्तावित संशोधन 14 जनवरी को जकार्ता में हुए बम हमले के मद्देनजर सामने आया है, जिसमें पांच हमलावरों सहित सात लोगों की मौत हो गई थी। हमले की जिम्मेदारी लेने का दावा आईएस ने किया था।
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