तिरुवनंतपुरम, 22 जून (आईएएनएस)।केरल के बैंकों में अनिवासी भारतीयों द्वारा पिछले वित्त वर्ष में जमा कराई गई धनराशि एक लाख करोड़ रुपये के पार पहुंच गई है। सोमवार को यहां जारी राज्य स्तर की बैंकर्स समिति (एसएलबीसी) की रपट से यह जानकारी मिली है।
रपट के मुताबिक, केरल के बैंकों में अनिवासी भारतीयों की जमा धनराशि कई सालों में काफी बढ़ गई है। मार्च 2013 में यह धनराशि 66,190 करोड़ रुपये थी, जो 31 मार्च, 2014 को बढ़कर 93,883 करोड़ रुपये हो गई, जबकि पिछले वित्त वर्ष में यह 1,09,603 करोड़ रुपये हो गई।
केरल के स्टेट बैंक ऑफ त्रावणकोर (एसबीटी) में अनिवासी भारतीयों का सर्वाधिक 26,613 करोड़ रुपये जमा है। इसके बाद 23,214 करोड़ रुपये की धनराशि के साथ फेडरल बैंक दूसरे स्थान पर है।
भारतीय स्टेट बैंक में कुल 14,456 करोड़ रुपये हैं।
अनिवासी भारतीयों की जमा धनराशि का एक रोचक पहलू यह है कि राज्य के सभी 21 राष्ट्रीयकृत बैंकों में जमा धनराशि 23,203 करोड़ रुपये है, जो एसबीटी और फेडरल बैंक में जमा धनराशि से कम है।
एस. इरुदायाराजन की शोध रपट में कहा गया है कि केरल के 23.63 लाख अनिवासी भारतीयों में से 90 प्रतिशत मध्य पूर्व देशों में काम कर रहे हैं, जिसमें से 38.7 प्रतिशत संयुक्त अरब अमीरात में और 25.2 प्रतिशत सऊदी अरब में काम करते हैं।
भारतीय रुपये में अमेरिकी डॉलर की विनिमय दर 31 मार्च, 2013 को 54.28 रुपये, 31 मार्च, 2014 को 60.05 रुपये और 31 मार्च, 2015 को 62.33 रुपये थी।
एसएलबीसी की रपट से पता चलता है कि केरल में सभी बैंको की कुल शाखाएं 5,984 और एटीएम 8,477 हैं।
केरल में पिछले वित्त वर्ष में बैंक में जमा कुल धनराशि 3,19,890 करोड़ रुपये थी, जबकि मार्च 2014 में यह 2,79,655 करोड़ रुपये थी।
dharmpath.com dharmpath