रायपुर, 10 मार्च (आईएएनएस)। छत्तीसगढ़ के ग्रामीण इलाकों में भी विश्वकप क्रिकेट का खुमार छाया हुआ है। गांव के युवक जहां मैच देखने टीवी के सामने बैठे नजर आ रहे हैं, वहीं क्रिकेट के शौकीन किसान भी रेडियो पर क्रिकेट कॉमेंट्री सुनते अपना काम निपटाते देखे जा रहे हैं। इनका कहना है कि रेडिया पर कॉमेंट्री सुनने का रोमांच ही अलग है।
रायपुर, 10 मार्च (आईएएनएस)। छत्तीसगढ़ के ग्रामीण इलाकों में भी विश्वकप क्रिकेट का खुमार छाया हुआ है। गांव के युवक जहां मैच देखने टीवी के सामने बैठे नजर आ रहे हैं, वहीं क्रिकेट के शौकीन किसान भी रेडियो पर क्रिकेट कॉमेंट्री सुनते अपना काम निपटाते देखे जा रहे हैं। इनका कहना है कि रेडिया पर कॉमेंट्री सुनने का रोमांच ही अलग है।
विश्वकप क्रिकेट महाकुंभ आस्ट्रेलिया व न्यूजीलैंड में 15 फरवरी से ही जारी है।
मंगलवार को भारत व आयरलैंड के बीच मैच खेला गया। इस मैच को देखने व सुनने के लिए ग्रामीण भी उत्साहित दिखे। युवा वर्ग बड़ी संख्या में क्रिकेट देखने टीवी के सामने बैठे नजर आए। वे बाकायदा विदेशी खिलाड़ियों के नाम के साथ उनके प्रदर्शन पर समीक्षात्मक चर्चा कर रहे थे।
वहीं कुछ लोग क्वार्टर, सेमी फाइनल मैचों में पहुंचने वाली संभावित टीमों पर अटकलें भी लगा रहे थे। इधर, धनेली में भी कुछ युवक रेडियो पर कॉमेंट्री सुनते मितानिनों के बीच आयोजित स्पर्धा देख रहे थे।
ग्राम चरौदा में किसान रामदास बघेल भी अपनी बाड़ी में निड़ाई करते व रेडियो पर कॉमेंट्री सुनते देखे गए। उन्होंने बताया कि चार एकड़ में उन्होंने पत्तागोभी, मक्का, मिर्च लगाए हैं। क्रिकेट उनका प्रिय खेल है। टीवी के सामने बैठ कर मैच देखने से काम प्रभवित होता है, इसलिए रेडियो पर कॉमेंट्री सुनना बेहतर समझते हैं।
उन्होंने बताया कि उनका पुराना रेडियो खराब हो गया है, 15 दिन पहले ही रायपुर से 600 रुपये में नया रेडियो खरीद कर लाए हैं। कॉमेंट्री सुनते हुए कृषि कार्य निपटाना उन्हें अच्छा लगता है। उनकी पत्नी भानमती बघेल ने बताया कि इन्हें क्रिकेट का शौक इतना अधिक है कि टीवी में प्रसारण नहीं होने की स्थिति में वे देररात भी रेडियो से कॉमेंट्री सुनते रहते हैं।
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