अमेरिका, 21 जून (आईएएनएस)। ब्रिटेन के एक नागरिक ने राष्ट्रपति पद के रिपब्लिकन पार्टी के संभावित उम्मीदवार डोनाल्ड ट्रंप की लॉस वेगास में रैली में एक पुलिस अधिकारी की बंदूक छीनने की कोशिश की थी। उसने कहा है कि वह ट्रंप को गोली मारना चाहता था। अदालत के दस्तावेजों में यह बात कही गई है।
बीबीसी की रिपोर्ट के मुताबिक, बीस वर्षीय माइकल स्टीवन सैनफोर्ड को जब नेवादा में एक न्यायाधीश के समक्ष पेश किया गया तो उसने कोई दलील नहीं दी। उसे मामले की अगली सुनवाई की तिथि पांच जुलाई तक हिरासत में भेज दिया गया।
सैंडफोर्ड ने शनिवार की रैली के दौरान कहा था कि वह ट्रंप का ऑटोग्राफ लेना चाहता है। उसके बाद उसने बंदूक छीनने की कोशिश की थी।
उसने कहा कि वह करीब एक साल से ट्रंप को गोली मारने की योजना बना रहा था और कोशिश कर रहा था। लेकिन, उसने इस पर अमल करने का अब फैसला लिया क्योंकि अंतत: उसे लगा कि यह काम करने के लिए उसमें पूरा आत्मविश्वास आ गया है।
सैंडफोर्ड अदालत में हथकड़ी के साथ पेश किया गया था। एक संघीय न्यायाधीश ने पाया कि वह खतरा हो सकता है और उसके लापता हो जाने का जोखिम है।
सैंडफोर्ड की गिरफ्तारी के बारे में पूछने पर विदेश कार्यालय के एक प्रवक्ता ने कहा, लॉस वेगास में एक ब्रिटिश नागरिक की गिरफ्तारी के बाद हम लोग सहायता मुहैया करा रहे हैं।
इससे पहले सोमवार को ट्रंप ने अपने प्रचार प्रबंधक कोरे लेवांडोवस्की को हटा दिया जो राष्ट्रपति पद का पार्टी का प्रत्याशी चुनने के लिए हुए चुनाव (प्राइमरी) में उनके अभियान की निगरानी रखते थे।
अमेरिकी राष्ट्रपति के वर्ष 2016 के चुनाव प्रचार में हिंसा की छाया रही है। ट्रंप जहां भी गए हैं, उनके खिलाफ विरोध प्रदर्शन हुआ है।
ट्रंप हमेशा प्रदर्शनकारियों का मजाक उड़ाते रहे हैं। प्रदर्शनकारियों और ट्रंप के समर्थकों के बीच टकराव भी हुए हैं।
कुछ लोगों के दिमाग में 1968 की वे काली यादें भी हैं जब डेमोक्रेटिक पार्टी के राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार राबर्ट कैनेडी की हत्या कर दी गई थी और शिकागो में पार्टी के सम्मेलन में दंगा भड़क उठा था।
इस साल भी देश में तनाव महसूस किया जा रहा है। राष्ट्रपति के साथ-साथ राष्ट्रपति पद के उम्मीदवारों की सुरक्षा की देखभाल करने वाली सीक्रेट सर्विस सतर्क है।
ट्रंप गत मार्च में ओहियो में भाषण दे रहे थे, तभी एक व्यक्ति उनके मंच पर चढ़ने की कोशिश करने लगा था। सुरक्षा एजेंटों ने ट्रंप को चारों तरफ से घेर लिया था।
सुरक्षा की चिंता से अन्य कार्यक्रम रद्द कर दिए गए थे। पांच माह पहले बहुत सारे अमेरिकी इस बात से दुखी थे कि ये चुनाव किस दिशा में बढ़ रहा है।
अदालत के दस्तावेजों के मुताबिक सैंडफोर्ड ने कहा कि उसने पहले कभी भी बंदूक नहीं चलाई थी लेकिन 17 जून को लॉस वेगास में एक शूटिंग रेंज गया था ताकि गोली किस तरह चलाई जाती है, उसके बारे में जान सके।
दस्तावेजों में कहा गया है कि सैंडफोर्ड को यह मालूम था कि वह केवल एक दो राउंड ही गोली चला पाएगा और ट्रंप को मारने की कोशिश में उसे मारे जाने की आशंका थी।
अमेरिका में राष्ट्रपति के चुनाव के लिए आठ नवंबर को मतदान होना है।
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