काठमांडू, 26 अप्रैल (आईएएनएस)। नेपाल में शोकाकुल परिवारों ने भूकंप में जान गंवाने वाले अपने प्रियजनों का रविवार को यहां के सुप्रसिद्ध पशुपतिनाथ मंदिर के पास अंतिम संस्कार किया। भ्रमपूर्ण स्थिति और भीड़भाड़ के बीच अंत्येष्टि संपन्न हुई।
काठमांडू, 26 अप्रैल (आईएएनएस)। नेपाल में शोकाकुल परिवारों ने भूकंप में जान गंवाने वाले अपने प्रियजनों का रविवार को यहां के सुप्रसिद्ध पशुपतिनाथ मंदिर के पास अंतिम संस्कार किया। भ्रमपूर्ण स्थिति और भीड़भाड़ के बीच अंत्येष्टि संपन्न हुई।
शवों की संख्या इतनी ज्यादा थी कि खाली भूखंड काफी बड़ा होने के बावजूद रिश्तेदार मृतकों का अंतिम संस्कार करने के लिए जगह को लेकर एक दूसरे से धक्का-मुक्की करते देखे गए। पर्याप्त जगह न मिलने पर सैकड़ों लोगों को निश्चित स्थान के बाहर अपनों का अंतिम संस्कर करना पड़ा।
रिक्टर पैमाने पर 7.9 तीव्रता के भूकंप से शनिवार को 2,300 लोगों की मौत की आधिकारिक घोषणा की गई। सरकार ने कहा है कि मृतकों की संख्या अभी और बढ़ सकती है।
ज्यादातर मौत काठमांडू घाटी और उसके आस-पास के इलाकों में हुई है। इसी वजह से भगवान शिव के इस एतिहासिक मंदिर के पास स्थित श्मशान स्थल पर अपनों का अंतिम संस्कार करने के लिए लोगों की भारी भीड़ है।
एक प्रत्यक्षदर्शी ने आईएएनएस से कहा, “रविवार को बहुत कम समय में 100 से अधिक लोगों का अंतिम संस्कार किया गया। लोगों को जहां भी जगह मिल जा रही है वहां पर वे अपनों का अंतिम संस्कार कर रहे है वह भी उचित रस्मों को पूरा किए बिना।”
सैकड़ों लोग अपने प्रियजनों का अंतिम संस्कार करने के लिए चक्करदार कतार में खड़े थे।
नेपाल की कुल जनसंख्या 2.9 करोड़ है जिसमें 80 फीसदी आबादी हिंदुओं की है। वहीं 10 फीसदी आबादी बौद्धों की है।
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