क्राइस्टचर्च, 20 मार्च (आईएएनएस)। न्यूजीलैंड की प्रधानमंत्री जेसिंडा अरडर्न ने बीते हफ्ते यहां दो मस्जिदों पर हुए भयावह हमले की पृष्ठभूमि में नस्लवादी दक्षिणपंथी विचारधारा के नाश के लिए इसके खिलाफ वैश्विक संघर्ष का आह्वान किया।
बीबीसी की बुधवार की रिपोर्ट के अनुसार, अरडर्न ने दक्षिणपंथी राष्ट्रवाद के संदर्भ में कहा, “वह (मस्जिदों में हमला करने वाला) एक आस्ट्रेलियाई नागरिक था लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि न्यूजीलैंड में ऐसी कोई विचारधारा नहीं है।”
उन्होंने कहा कि जरूरत इस बात की है कि ‘इसे उस जगह से उखाड़ फेंका जाए, जहां इसका वजूद है और यह सुनिश्चित किया जाए कि हम कभी ऐसा माहौल न बनने दें जहां यह फिर से पनप सके।’
उन्होंने कहा, “लेकिन, मैं कहना चाहूंगी कि इस पर वैश्विक स्तर पर ध्यान देने की जरूरत है। न्यूजीलैंड ने जिस हिंसा का सामना किया है, उसे उसने अंजाम दिया जो कहीं और पला-बढ़ा है और जिसने ऐसी विचारधारा कहीं और से सीखी है।”
अरडर्न ने कहा कि अगर हम वैश्विक स्तर पर यह सुनिश्चित करना चाहते हैं कि हम सुरक्षित, सहिष्णु और समावेशी हों, तो हमें सीमाओं के दायरे से बाहर जाना होगा।
अरडर्न ने इस तर्क को भी खारिज कर दिया कि आव्रजन के बढ़ने की वजह से नस्लवाद बढ़ा है। उन्होंने कहा कि हम आने वालों का स्वागत करने वाले देश हैं। हम इस विचार को खारिज करते हैं कि न्यूजीलैंड को अपना घर बनाने वालों का ख्याल रखने की वजह से हमने एक ऐसा माहौल बना दिया जिसमें ऐसी विचारधारा पनप रही है।
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