इसके लिए 832 मतदान केंद्र बनाए गए हैं, जो स्थानीय समयानुसार सुबह आठ बजे खुल गए। मतदान केंद्र रात आठ बजे बंद होंगे।
सिंगापुर को 1965 में मलेशिया से स्वतंत्रता मिलने के बाद पहली बार देश की सत्तारूढ़ पीपुल्स एक्शन पार्टी को सभी 89 संसदीय सीटों पर चुनौती मिल रही है।
विदेशों में रह रहे सिंगापुर के नागरिक भी विदेशों में स्थापित 10 मतदान केंद्रों पर जाकर मतदान कर सकते हैं। इन 10 मतदान केंद्रों में बीजिंग, हांगकांग, लंदन, टोक्यो, न्यूयॉर्क, दुबई शामिल हैं, जहां वर्तमान में सिंगापुर के लोग अच्छी-खासी संख्या में रहते हैं।
सिंगापुर में कम से कम 24.5 लाख मतदाता हैं, जो 2011 के चुनावों की तुलना में 4.7 प्रतिशत अधिक है।
ऐसा पहली बार है कि 1965 में सिंगापुर की स्वतंत्रता के बाद पैदा हुए मतदाताओं की संख्या इससे पहले जन्म लेने वाले लोगों की तुलना में अधिक है।
इस बार के आम चुनावों के परिणामों में देश के युवा मतदाताओं की अहम भूमिका रहने वाली है।
देश की 89 संसदीय सीटें 16 सामूहिक प्रतिनिधित्व वाले निर्वाचन क्षेत्रों (जीआरसी) में बंटी हुई हैं, जहां चुनाव लड़ रही एक पार्टी के उम्मीदवार को एक समूह और 13 एकल सदस्य निर्वाचन क्षेत्रों (एसएमसी) के रूप में चुनाव लड़ने की जरूरत होती है।
मतदान के बाद उम्मीदवार और जनता आम चुनाव के नतीजे जानने के लिए 18 नामित विधानसभा केंद्रों पर इंतजार कर सकते हैं। आमतौर पर नतीजों की घोषणा अगले दिन सुबह तक हो जाती है।
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