ट्रंप ने शुक्रवार को इन आदेशों पर हस्ताक्षर करते हुए कहा, “आज हम अमेरिका की वित्तीय प्रणाली को नियमित करने के लिए मूल सिद्धांतों पर हस्ताक्षर कर रहे हैं।”
ट्रंप ने डॉड-फ्रैंक अधिनियम में संशोधन किया है। इस सुधारवादी विधेयक का उद्देश्य वित्तीय संकट को दोहराने से बचना था।
ट्रंप ने आर्थिक सलाहकार परिषद के सत्र में कहा, “हमें डॉड-फ्रैंक में कटौती की उम्मीद है, क्योंकि मेरे बहुत सारे दोस्त हैं, जिनका अच्छा कारोबार चल रहा है। वे पैसा उधार नहीं ले सकते।”
ट्रंप ने कहा, “वे पैसे उधार नहीं ले सकते, क्योंकि बैंक डॉड-फ्रैंक नियमों की वजह से उन्हें पैसे उधार नहीं देंगे।”
ट्रंप ने राष्ट्रपति चुनाव प्रचार में भी वॉल स्ट्रीट की जमकर आलोचना करते हुए डेमोक्रेट प्रतिद्वंद्वी हिलेरी क्लिंट पर निवेश बैंक गोल्डमैन सैक्स के साथ संबंधों को लेकर निशाना साधा था।
ट्रंप ने शुक्रवार को बराक ओबामा प्रशासन के दौरान श्रम विभाग द्वारा बनाए गए नियम पर अस्थाई रोक लगाने संबंधी कार्यकारी आदेश पर भी हस्ताक्षर किए हैं। इसके तहत ब्रोकर्स को सेवानिवृत्ति और निवेश सिफारिशों के दौरान पहले ग्राहकों को अधिकाधिक ब्याज देने पड़ते थे।
डॉड फ्रैंक में व्यापक संशोधन के लिए कांग्रेस की मंजूरी लेनी आवश्यक है।
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