जेनेवा, 1 जुलाई (आईएएनएस)। संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार ने कहा कि कतर के समक्ष सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात, मिस्र और बहरीन द्वारा संबंधों को सामान्य करने के लिए टेलीविजन चैनल ‘अल जजीरा’ को बंद करने की शर्त अभिव्यक्ति व विचार की आजादी पर एक अस्वीकार्य हमला है।
समाचार एजेंसी ‘एफे’ के अनुसार, प्रवक्ता रूपर्ट कोलविले ने शुक्रवार को कहा, “चाहे आप इसे न देखें, न पसंद करें या इसके संपादकीय ²ष्टिकोण से सहमत न हों। अल जजीरा के अरबी और अंग्रेजी चैनल वैध हैं और इसके कई करोड़ दर्शक हैं। इसे बंद करने की मांग हमारी समझ में अभिव्यक्ति और विचार की आजादी के अधिकार पर एक अस्वीकार्य हमला है।”
प्रवक्ता ने आगे कहा कि संयुक्त राष्ट्र के मानवाधिकार आयुक्त जायद राद अल-हुसैन ने कतर के चैनल और संबंद्धित मीडिया को बंद करने पर चिंता जताई है।
कोलविले ने कहा, “अगर किसी देश का अन्य देशों के टेलीविजन चैनलों पर प्रसारित होने वाले विचारों या मतों के साथ विवाद है, तो वे सार्वजनिक रूप से बहस करने के लिए स्वतंत्र हैं। इस तरह के चैनलों को बंद करने का आग्रह असाधारण, अभूतपूर्व और स्पष्ट रूप से अनुचित है।”
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