टोक्यो, 18 सितम्बर (आईएएनएस)। जीवन की उत्पत्ति को समझने के लिए जापान की क्योटो यूनिवर्सिटी के शोधकर्ताओं ने प्रयोगशाला आधारित एक ‘मानव बीज कोशिका विकास मॉडल’ का निर्माण किया है।
पत्रिका ‘सेल स्टेम सेल’ में प्रकाशित यह मॉडल यह उजागर करता है कि बीज कोशिकाएं, एक पीढ़ी से दूसरी पीढ़ी तक अनुवांशिक लक्षण किस प्रकार हस्तांतरित करती हैं।
प्रमुख शोधकर्ता प्राध्यापक मिटिनोरी साइतौ के मुताबिक, “मानव बीज कोशकाओं के पुनर्निर्माण के द्वारा हम भ्रूण से वयस्क होने के विकास की संपूर्ण प्रक्रिया समझ पाएंगे।”
आज तक ऐसे अधिकांश शोध चूहों पर ही किए गए हैं।
समूह ने शोध के अंतर्गत मानव बीज कोशिकाओं की विकास प्रक्रिया की स्थितियों को तैयार किया।
वैज्ञानिकों ने इस बारे में जानकारी हासिल की कि डीएनए क्रम में बदलाव के बिना ही विरासत में मिलने वाले लक्षण बीज कोशिकाओं के विकास क्रम की प्रारंभिक अवस्था में किस प्रकार ‘मिट’ जाते हैं।
सासाकी ने कहा, “हमने मानव बीज कोशिकाओं के विकास की प्रारंभिक घटनाओं को दर्शाया। हमारे अध्ययन से बांझपन और विकास में बाधा जैसी कई असामान्यताओं के बारे में बेहतर जानकारी मिल सकती है।”
dharmpath.com dharmpath