ताइपे, 12 मार्च (आईएएनएस)। परमाणु ऊर्जा के खिलाफ शनिवार को ताइवान की राजधानी ताइपे में करीब एक हजार लाोगों ने जमकर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने देश में चालू परमाणु तीन संयंत्रों को बंद करने और एक निर्माणाधीन का काम स्थगित करने की मांग की।
एफे न्यूज के अनुसार, विरोध रैली राष्ट्रपति कायोलय के सामने से शुरू हुई और संसद भवन परिसर (लेजिसलेटिव युआन कांप्लेक्स ) तक जाकर खत्म हो गई।
इस संबंध में एक दर्शक ने कहा, “लोग परमाणु ऊर्जा के खतरों से भयभीत हैं। उन्हें लगता है कि जो दुर्घटना फुकुशिमा में हुई, वह ताइवान में भी होगी।”
उल्लेखनीय है कि ताइवान पावर कंपनी एक सार्वजनिक उपक्रम है जो तीनों परमाणु ऊर्जा संयंत्रों का संचालन करती है। कंपनी ने विदेशों में परमाणु कचरे का पुर्नससाधन का प्रस्ताव रखा है, जिसकी राजनेताओं और पर्यावरणीय संगठनों ने जमकर आलोचना कर रहे हैं, क्योंकि इन्हें लग रहा है कि ऐसा कर कंपनी संयंत्रों की उम्र सीमा बढ़ाना चाहती है जो 2023 में समाप्त होने वाली है।
ज्ञात हो कि ताइवान की नई राष्ट्रपति इंग- वेन-त्साई ने गत साल अपने राजनीतिक अभियान के दौरान कहा था कि उन्होंने 2023 तक परमाणु मुक्त देश की कल्पना की है।
गौरतलब है कि इस साल के शुरू में डेमोक्रेटिक प्रोग्रेस पार्टी की नेता ने परमाणु ऊर्जा को चरणबद्ध ढंग से अलविदा कहने के लिए हाइडोजन ऊर्जा को प्रश्रय दिया था और जापान के साथ द्विपक्षीय संबंध मजबूत करने का प्रयास किया, क्योंकि जापान के पास उन्नत किस्म की हाइड्रोजन ऊर्जा प्रौद्योगिकी है।
पिछले साल सितंबर में अपने प्रचार अभियान के दौरान त्साई ने अनुमान लगाया था कि आने वाले वर्षो में अक्षय ऊर्जा क्षेत्र के लिए सरकार करीब 50 अरब डॉलर आवंटित करेगी।
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