उन्होंने कहा कि जापान के इन शहरों के खिलाफ अमेरिका की परमाणु बमबारी की कार्रवाई अंतर्राष्ट्रीय कानून से संबंधित मानवतावाद की बुनियादी समझ के विपरीत है।
अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा इस शुक्रवार हिरोशिमा की यात्रा कर सकते हैं, क्योंकि वह सात देशों के समूह, जी-7 के शिखर सम्मेलन के लिए जापान के मेई प्रांत में होंगे। इस यात्रा के साथ ही ओबामा परमाणु बम हमले में प्रभावित शहर की यात्रा करने वाले पहले अमेरिकी राष्ट्रपति होंगे। हालांकि यह पहले ही स्पष्ट हो गया है कि ओबामा इस दौरान आधिकारिक रूप से कोई माफी नहीं मांगेंगे।
फूमियो ने कहा, “परमाणु बम विस्फोट में कई लोगों की मौत हुई थी और यह मानवता के लिए बहुत ही अफसोस की बात है। जापान सरकार ने हमेशा ही परमाणु बम विस्फोट को मानवतावाद के खिलाफ माना है।”
गौरतलब है कि अमेरिका ने जापान के हिरोशिमा पर छह अगस्त, 1945 को परमाणु बम गिराया था, जिसमें हजारों लोगों की तत्काल मौत हो गई थी और युद्ध के खत्म होने तक 1.4 लाख लोगों की मौत हुई। जापान के ही शहर नागासाकी पर नौ अगस्त को दूसरा परमाणु बम गिराया गया, जिसके छह दिनों बाद जापान को युद्ध में हथियार डालने पड़े थे।
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