लीवरपूल, 16 जुलाई (आईएएनएस)। इंग्लिश फुटबाल क्लब लीवरपूल के मुख्य कोच जर्गेन क्लोप ने कहा है कि क्लब को अगले सत्र में अंकतालिका में शीर्ष पर आने के लिए बड़े नामों की नहीं बल्कि टीम भावना की जरूरत है।
क्लब ने साउथहैम्पटन के साडिओ माने के साथ करार पर तीन करोड़ पाउंड खर्च किए हैं। इसके अलावा गोलकीपर लोरिस कारिअस के लिए 47 लाख पाउंड दिए हैं।
लेकिन क्लोप का मानना है कि टीम भावना आने वाले सत्र में क्लब के लिए ज्यादा महत्वपूर्ण चीज होगी। लीवरपूल पिछले सत्र में अंकतालिका में आठवें स्थान पर रही थी।
स्काई स्पोर्ट्स ने शुक्रवार को क्लोप के हवाले से लिखा है, “हर कोई क्लब में बड़े नाम और उनके दम पर बड़े सुधार चाहता है, और अगर आप खिलाड़ियों को नहीं जानते तो आपको लगता है कि हम कर क्या रहे हैं? वह क्या कर रहे हैं? कुछ क्लबों ने काफी कुछ किया है लेकिन इस समय आप यह नहीं बता सकते कि क्या सही है। आपको सिर्फ आने वाले सत्र के लिए तैयारी करनी है।”
कोच ने कहा, “अगर आप अलग-अलग तरीकों से यह साबित करना चाहते हैं कि फुटबाल सिर्फ यूरोपीयन चैम्पियनशिप में खेली जाती है, अंत में यह आपको काफी कुछ बता देगी। फुटबाल वाकई में क्या है इसके कई उदाहरण हैं। यह टीम बनाने, टीम के खिलाड़ियों, समर्थकों और पूरे देश के बीच रिश्ते कायम करने का जरिया है।”
बोरूसिया डॉर्टमंड के पूर्व कोच क्लोप ने कहा, “इस समय कोई भी पिछले सत्र में हमारे द्वारा खेले गए अच्छे मुकाबलों और बुरे मुकाबलों के बारे में नहीं सोच रहा है। वह सिर्फ इस बारे में सोच रहे हैं कि मैनचेस्टर युनाइटेड ने इस खिलाड़ी को खरीद लिया, मैनचेस्टर सिटी ने इस खिलाड़ी को खरीद लिया और हमने इसको, नाम में क्या है? हमारे लिए यह पल अगले साल के लिए टीम बनाने के लिए है। हमें हमारी टीम भावना की सोच को सही साबित करना है।”
उन्होंने कहा, “हमने अभी तक जो खिलाड़ी खरीदे हैं उनसे मैं सौ प्रतिशत खुश हूं। हमें उन्हें इस बात के लिए मनाने की जरूरत नहीं है कि लीवरपूल उतनी बुरी टीम नहीं है जितना लोग कह रहे हैं।”
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