न्यूयॉर्क, 23 जुलाई (आईएएनएस)। शोधकर्ताओं के एक दल ने एक नई तरह की कृत्रिम मांसपेशी का विकास किया है, जिससे लचीलेदार रोबोट के निर्माण में मदद मिलेगी। इसमें कम वोल्टेज पर विभिन्न प्रकार की गति संभव हो सकेगी, साथ ही इनमें कठोर हिस्से नहीं होंगे।
अध्ययन के प्रमुख लेखक हार्वर्ड यूनिवर्सिटी के स्नातक के छात्र मिशु दुदुता कहते हैं कि हमारा मानना है कि यह खोज लचीलेदार रोबोटिक्स के लिए क्रांतिकारी साबित होगी।
बिजली को संरक्षित करना और उसे इस्तेमाल करना आसान है, लेकिन सॉफ्ट रोबोट में पावर एक्चुएटर्स के लिए विद्युत क्षेत्र की जरूरत बहुत अधिक रही है।
पत्रिका ‘एडवांस मटेरियल्स’ में प्रकाशित एक लेख में दुदुता बताते हैं कि इस शोध ने एक्चुएशन वोल्टेज को कम कर और ऊर्जा घनत्व में इजाफा कर कई तरह की चुनौतियों को आसान कर दिया है। इससे कठोर घटकों को हटाने में भी मदद मिली है।
शोध दल ने एक नए तरह का इलास्टोमर दो ज्ञात पदार्थों को मिलाकर तैयार किया, जो स्वतंत्र रूप से अच्छी तरह काम करते है। एक इलास्टोमर कैलिफोर्निया यूनिवर्सिटी-लॉस एंजिलिस द्वारा विकसित किया गया है। जिसने कठोर कंपोनेंट्स की जरूरत को खत्म कर दिया है। इसके अलावा, एक कार्बन नैनोट्यूब का इलेक्ट्रोड बनाया गया है।
इन दो पदार्थो के जरिए संयुक्त रूप से बने नए उपकरण के बेहतरीन प्रदर्शन से डाइ इलेक्ट्रिक इलास्टोमर एक्चुएटर से कृत्रिम मांसपेशियों की मदद से रोबोट आसानी से गति करते हैं।
dharmpath.com dharmpath