सर्जरी सक्सेसफुल, 6 हफ्ते आराम करेंगे शाहरुख

Shahrukh-Khanशाहरुख के सीधे कंधे की सर्जरी करने वाले डॉक्टरों ने कहा है कि शाहरुख को दो दिनों के लिए हॉस्पिटल में ही रहना होगा। गौरतलब है कि शाहरुख खान की मंगलवार को मुंबई के बांद्रा स्थित लीलावती हॉस्पिटल में कंधे की सर्जरी हुई है। शाहरुख के सीधे कंधे में रोटेटर कफ मसल्स में चीरा आ गया था (जिसे रोटेटिंग कफ टीयर कहते हैं), जिस वजह से उन्हें असहनीय दर्द होता था। उनकी यह सर्जरी ऑर्थोपैडिक सर्जन डॉ. संजय देसाई ने की।

शाहरुख को मंगलवार को दोपहर 2 बजे ऑपरेशन थिएटर में ले जाया गया था और दोपहर 3:30 बजे के करीब उनकी सर्जरी पूरी हो गई थी। डॉ. देसाई ने बताया, ‘हम उनकी सर्जरी पिछले तीन महीनों से दवाइयों के जरिए मैनेज कर रहे थे, क्योंकि उन्हें चेन्नै एक्सप्रेस की शूटिंग खत्म करनी थी।’ डॉ. देसाई ने ही साल 2009 में शाहरुख के बाएं कंधे की भी यही सर्जरी की थी।

डॉ. देसाई ने आगे बताया, ‘वह दो और दिनों तक हॉस्पिटल में ही रहेंगे, या फिर इसके बाद भी रहना पड़ सकता है। उन्हें अपने कंधे को कम से कम छह हफ्तों के लिए पट्टी से लटकाकर और पाउच में बांधकर ही रखना होगा। इसके बाद उन्हें अपनी कंप्लीट रिकवरी के लिए जरूरी एक्सर्साइज शुरू करनी होंगी।’

शाहरुख को अब तक जितनी भी चोटें आई हैं सभी उनके बाएं तरफ आई हैं, सिवाय दो के- एक उनके सीछे कंधे की चोट (जो उन्हें चेन्नै एक्सप्रेस की शूटिंग के दौरान लगी) और अंगूठे की चोट (जो उन्हें माई नेम इज खान की शूटिंग के दौरान लगी)।

जहां शाहरुख अपने मेडिकल ट्रीटमेंट के लिए लंदन जाने वाले थे, वहीं इमरजेंसी के चलते उन्होंने कंधे की सर्जरी यहीं कराना सही समझा। डॉ. देसाई ने कहा, ‘इस तरह की सर्जरी को ऐंथ्रोस्कोपिक सर्जरी कहा जाता है, जिसे ज्यादातर लोग अब्रॉड में कराना पसंद करते हैं। मुझे खुशी है कि शाहरुख ने इसके लिए इंडियन डॉक्टरों पर भरोसा रखा।’

शाहरुख का बेटा आर्यन उनकी सर्जरी के दौरान उनके साथ रहने के लिए दो दिन पहले ही आ गया था।

क्या है रोटेटर कफ टीयर?
रोटेटर कफ मसल्स- मसल्स का एक खास ग्रुप होता है जो कंधे के रोटेशन और मूवमेंट में मदद करता है। रोटेटर कफ टीयर एक चीरा होता है जो इन मसल्स में आ जाता है। इससे पेशंट को असहनीय दर्द होता है। एक्सपर्ट्स के मुताबिक, इस तरह के चीरे की वजह से कंधे का मूवमेंट जितना हो सके कम करना होता है। यह ऐथलीट्स में बहुत कॉमन होता है।

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