अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर छाप छोड़ना आसान नहीं : विजय अमृतराज (साक्षात्कार)

नई दिल्ली, 7 जून (आईएएनएस)। जेम्स बोंड की फिल्म ‘ऑक्टोपसी’ का हिस्सा रहे भारतीय टेनिस जगत के दिग्गजों में शुमार विजय अमृतराज का कहना है कि अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर छाप छोड़ना आसान नहीं होगा।

नई दिल्ली, 7 जून (आईएएनएस)। जेम्स बोंड की फिल्म ‘ऑक्टोपसी’ का हिस्सा रहे भारतीय टेनिस जगत के दिग्गजों में शुमार विजय अमृतराज का कहना है कि अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर छाप छोड़ना आसान नहीं होगा।

अमृतराज को ‘अमेरिकन सिटकॉम’, ‘द लास्ट प्रिसिंट’ और ‘वट ए कंट्री’ जैसे शो में भी देखा जा चुका है।

मुंबई से टेलीफोन के जरिए हुई बातचीत में अमृतराज ने आईएएनएस को बताया, “एक अमेरिकी चैनल में अपनी स्वयं की टीवी सीरीज होना उस समय एक बड़ी सफलता थी।”

अमृतराज की केलिफोर्निया आधारित कंपनी ‘फर्स्ट सर्विस एंटरटेनमेंट’ अग्रणी मल्टीमीडियो प्रोडक्शन कंपनी है, जो एशिया-अमेरिकी शो के साथ है। इसके साथ ही इस कंपनी ने भारतीय बाजारों में प्रवेश के लिए डिज्नी, टर्नर और ईएसपीएन की मदद भी की है।

भारतीय फिल्मों द्वारा छाप छोड़ने के बारे में अमृतराज ने कहा, “ये फिल्में निश्चित तौर पर छाप छोड़ रही हैं। इन्हें विश्व स्तर पर वितरित करने की जरूरत है, जो इन्हें वर्तमान की तुलना में अधिक सिनेमा के साथ जोड़ सकता है।”

केलिफोर्निया में अमृतराज अपनी पत्नी श्यामला और दो बेटों प्रकाश तथा विक्रम अमृतराज के साथ रहते हैं।

अमृतराज को संयुक्त राष्ट्र के शांति के राजदूत के रूप में नियुक्त किया गया था। वह ऐसे में नीशीली दवाइयों, एचआईवी/एड्स जैसे मुद्दों पर जागरुकता फैला रहे हैं। इसके साथ ही वह एड्स से निपटने के लिए फंड भी इकट्ठा कर रहे हैं।

साल 2006 में स्थापित हुए द विजय अमृतराज फाउंडेशन के संस्थापक अमृतराज उन कुछ भारतीयों में शामिल हैं, जिन्होंने अमेरिकी, यूरोपीय और आस्ट्रेलियाई खिलाड़ियों के दबदबे वाले टेनिस खेल जगत में पहचान बनाई थी।

अमृतराज ने अपने करियर में 16 एकल और 13 यगल वर्ग के मैच जीते हैं। वह 1974 और 1987 में डेविस कप फाइनल में पहुंचने वाली टीम में शामिल थे।

एक टेनिस दिग्गज के रूप में वैश्विक स्तर पर भारत को टेनिस के एक उभरते देश के रूप में देखने के बारे में अमृतराज ने कहा, “यह एक लंबी प्रक्रिया है। हमारे पारप् रोजर फेडरर और एंडी मरे जैसे खिलाड़ियों को टक्कर देने वाले खिलाड़ी नहीं हैं। मैं एशियाई सूची में पहले स्थान पर हूं और मुझे नहीं लगता कि यह अच्छा रिकॉर्ड है। मैं चाहता हूं कि कोई और खिलाड़ी सि रिकॉर्ड को तोड़े।”

अमृतराज ने अपने करियर में 22 अंतर्राष्ट्रीय पुरस्कार जीते हैं।

इस साझेदारी के पीछे के विचार के बारे में अमृतराज ने कहा, “मेरी वाइन ने काफी सफलता और पहचान हासिल की है, जैसे मैंने भारत के लिए हासिल किया था। मैं आश्वस्त हूं कि मेरे प्रशंसकों को यह पसंद आएगी।”

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