नई दिल्ली, 25 जनवरी (आईएएनएस)। जापान के प्रधानमंत्री शिंजो आबे ने रविवार को कहा कि इस्लामिक स्टेट (आईएस) के आतंकवादियों द्वारा अगवा दो जापानी नागरिकों को रिहा कराने के लिए उपलब्ध तमाम स्रोतों का इस्तेमाल किया जा रहा है।
नई दिल्ली स्थित जापानी दूतावास द्वारा जारी एक बयान में आबे ने कहा, “दोनों जापानी नागरिकों की जान बचाने के लिए हम उपलब्ध कूटनीतिक स्रोतों सहित हर संभव प्रयास कर रहे हैं।”
उन्होंने कहा, “ऑनलाइन अपलोड वीडियो में हरुणा युकावा की हत्या की जो तस्वीरें दिखाई गई हैं, उसकी सत्यता की जांच की जा रही है।”
आबे ने कहा, “मैं उनके परिवार के दर्द को समझ सकता हूं। मेरे पास बोलने के लिए शब्द नहीं है।”
उन्होंने कहा, “इस तरह की घटना घृणित व नाजायज है, जिसकी मैं कड़ी निंदा करता हूं।”
आबे ने कहा, “मैं एक बार फिर मांग करता हूं कि वे केंजी गोतो को कोई नुकसान न पहुंचाएं व उसे तत्काल रिहा करें।”
बयान के मुताबिक, जापान सरकार आतंकवाद के आगे कभी नहीं झुकेगा और दुनिया की शांति व स्थिरता के लिए अंतर्राष्ट्रीय समुदाय के साथ अटूट तरीके से सक्रिय योगदान करेगा।
आईएस द्वारा 24 जनवरी को जारी एक वीडियो में अगवा दो में से एक जापानी नागरिक का सिर कलम करने का दावा किया गया है।
बीते 20 जनवरी को आईएस ने धमकी दी थी कि अगर उसे 20 करोड़ डॉलर (करीब 1240 करोड़ रुपये) की फिरौती नहीं मिली, तो वह जापानी नागरिकों हरुणा युकावा तथा केंजी गोतो की हत्या कर देगा।
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