गुवाहाटी, 27 नवंबर (आईएएनएस)। आमचांग वन्य जीव अभ्यारण्य से अतिक्रमण हटाने के असम सरकार के प्रयास के तहत सोमवार को दो इलाकों में की गई कार्रवाई के दौरान कई लोग घायल हो गए व सैकड़ों घर नष्ट हो गए।
इस बीच, बेदखली की इस सरकारी मुहिम को तत्काल रोके जाने की मांग को लेकर सैकड़ों की संख्या में आंदोलनकारी राज्य के विभिन्न हिस्सों में सड़कों पर उतर आए।
गुवाहाटी उच्च न्यायालय द्वारा जारी के बेदखली के आदेश के साथ सशस्त्र, पुलिस व नागरिक प्रशासन ने अमचांग वन्यजीव अभ्यारण्य के नबज्योति नगर व कनकन नगर इलाकों में प्रवेश किया और अवैध अतिक्रमण वालों के घरों व संपत्तियों को तबाह कर दिया।
राज्य की वन मंत्री प्रमिला रानी ब्रह्मा ने कहा, “आमचांग वन्यजीव अभ्यारण्य से निष्कासन का कार्य गुवाहाटी उच्च न्यायालय के निर्देश पर हो रहा है। इस मुहिम में वन विभाग के कर्मियों के अतिरिक्त, कामरूप (मेट्रो) जिला प्रशासन ने 20 कार्यकारी मजिस्ट्रेट (एडीएम, एसडीएम व सर्किल अधिकारियों), 1,500 पुलिस कर्मियों (संयुक्त पुलिस आयुक्त, पुलिस उपायुक्त, पुलिस सहायक आयुक्त के साथ सहयोगी कर्मी ) शामिल हैं।”
उन्होंने कहा, “सुरक्षा बल कर्मियों के अतिरिक्त 10 हाथी व 10 जेसीबी को भी निष्कासन मुहिम में लगाया गया है।”
उन्होंने कहा कि यह मुहिम बुधवार तक जारी रहेगी। अब तक 408 घर नष्ट किए गए हैं।
अधिकारियों ने कहा कि स्थानीय लोगों ने निष्कासन की मुहिम का विरोध करने की कोशिश की जिससे प्रशासन को भीड़ को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़ने के लिए मजबूर होना पड़ा।
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