नई दिल्ली, 12 फरवरी (आईएएनएस)। बेंगलुरू एफसी ने हीरो इंडियन सुपर लीग (आईएसएल) के चौथे सीजन के सेमीफाइनल में स्थान पक्का कर लिया है। अब सेमीफाइनल के तीन स्थानों के लिए दौड़ बाकी है और बुधवार से जब मुकाबले फिर से शुरू होंगे तब इन स्थानों का दावा कर रही टीमों के बीच जोरदार प्रतिस्पर्धा होगी, जो इस लीग के रोमांच को दोगुना कर देगी।
बेंगलुरू को अभी तीन मैच और खेलने हैं लेकिन वह 33 अंकों के साथ तालिका में टॉप पर शान के साथ विराजमान है। उसे 15 मैचो में से 11 में जीत मिली है। अब सेमीफाइनल के तीन स्थान बचे हैं और अगले तीन सप्ताह तक इन स्थानों के लिए जोरदार प्रतिस्पर्धा होगी, जो इस लीग के रोमांच को बढ़ा देगी।
लीग में इस साल की दूसरी सबसे अच्छी टीम एफसी पुणे सिटी ने सेमीफाइनल तक एक कदम बढ़ा दिया है। उसके खाते में 28 अंक हैं और उसे अभी भी तीन मैच खेलने हैं। पुणे को हालांकि सेमीफाइनल में अपना स्थान सुरक्षित नहीं मानना चाहिए।
इस सीजन में प्रतिस्पर्धा का स्तर काफी ऊंचा है और प्लेऑफ के लिए जोरदार टक्कर चल रही है। कम से कम छह टीमें ऐसी हैं, जो क्वालीफाई कर सकती हैं। स्थान तो तीन ही बचे हैं, ऐसे में जो टीम श्रेष्ठ खेल दिखाएगी, उसे ही आगे का टिकट मिलेगा।
मुम्बई सिटी एफसी को अपने अंतिम मैच में एफसी पुणे सिटी के हाथों 0-2 से हार मिली। मुम्बई के कोच एलेक्सजेंडर गुइमारेस ने कहा, “हमें अभी भी 12 अंकों के लिए खेलना है। अगर हम अगले चार मैच जीत जाते हैं तो हमारा भी आगे जाने का रास्ता साफ हो सकता है। अब हमें सिर्फ और सिर्फ जीत के लिए खेलना है और हम इस दौरान ड्रॉ के लिए भी नहीं खेल सकते।”
पुणे ने मुम्बई पर जीत के साथ अपने कुल अंकों की संख्या 28 कर ली है और वह दूसरे स्थान पर काबिज है। एक साधारण स्थिति में इतने अंक प्लेऑफ में पहुंचने के लिए काफी होते हैं लेकिन मौजूदा हालात में नहीं। 2014 के बाद पुणे की टीम कभी भी लीग के सेमीफाइनल में नहीं पहुंची है और इस बार उसके आगे जाने की सम्भावना है लेकिन जमशेदपुर एफसी (25 अंक), चेन्नयन एफसी (24 अंक), केरला ब्लास्टर्स (21 अंक) और एफसी गोवा (20 अंक) उसका काम खराब सकते हैं। इन टीमों के भी सेमीफाइनल में पहुंचने की सम्भावना है।
पुणे को आगे दो मैच खेलने हैं। एक मैच बेंगलुरू एफसी के साथ होना है और दूसरा मैच गोवा के साथ। अंतिम मैच उसे दिल्ली डायनामोज के खिलाफ दिल्ली में खेलना है। दिल्ली की टीम बेशक तालिका में सबसे नीचे है लेकिन वह इस सीजन में बेंगलुरू जैसी मजबूत टीम को हरा चुकी है और चेन्नयन एफसी को बराबरी पर रोक चुकी है। मजेदार बात यह है कि पुणे को दिल्ली के खिलाफ इस सीजन के अपने पहले ही मैच में अपने घर में दिल्ली के हाथों हार मिली थी।
चेन्नयन एफसी के साथ दिल्ली का ड्रॉ मुकाबला 2015 के चैम्पियन के आगे जाने की राह में रोड़ा बन सकता है। चेन्नई को एक अंक गंवाना पड़ा है और इस कारण उसे तीसरे स्थान से संतोष करना पड़ रहा है। अब उसे आगे एफसी गोवा, जमशेदपुर और केरला के साथ खेलना है, जो काफी मुश्किल टीमें हैं।
चेन्नयन एफसी के कोच जॉन ग्रेगोरी कहते हैं, “हमारे अगले दो मैच ऐसी टीमों के साथ हैं, जिनके साथ हमारी सीधी प्रतिस्पर्धा है। अब सबकुछ हमारे हाथ में है। हम अपने अच्छे खेल से यह तय कर सकते हैं कि हमारा सीजन कैसा होगा। यह अलग बात है कि हमें प्लेऑफ में जगह मिलती है या नहीं। ऐसे में मैं बहुत खुश हूं। “
ग्रेगोरी के अलावा जमशेदपुर के कोच स्टीव कोपेल भी काफी खुश होंगे। पहली बार आईएसएल में खेल रही जमशेदपुर टीम को कोपेल शांत के साथ प्लेऑफ की ओर ले जा रहे हैं। इस टीम ने तीन ड्रॉ के साथ शुरुआत की थी और अब उसने बीते छह में से पांच मैच जीतते हुए अपनी किस्मत पलट दी है।
आने वाले समय में जमशेदपुर टीम को कठिन मैच खेलने हैं। उसके सामने होंगे चेन्नयन एफसी, बेंगलुरू एफसी और एफसी गोवा। जमशेदपुर टीम अगर अपने अंतिम दो मैचों में जीत हासिल कर लेती है तो फिर उसका आगे का रास्ता साफ है।
कुछ लिहाज से सीजन की शुरुआत में खिताब का दावेदार माने जा रहे एफसी गोवा रास्ते से भटक गई। सर्गियो लोबेरा की देखरेख में खेल रही इस टीम ने अपने लिए रास्ता मुश्किल किया। बीते तीन मैचों में से उसे सिर्फ एक अंक मिला है। कमजोर डिफेंस ने उसका काम खराब किया है और लीग के इस स्तर पर भी उसका डिफेंस लचर दिख रहा है।
गोवा का आगे का सफर कैसा होगा, यह आने वाले मैचों पर निर्भर करेगा। उसे आने वाले समय में चेन्नयन एफसी होगा और यह मैच काफी कुछ निर्धारित करेगा। यह गोवा के साथ-साथ चेन्नयन एफसी की भी किस्मत निर्धारित करेगा। साथ ही साथ इस मैच का परिणाम दूसरी टीमों के सफर पर भी असर डालेगा। ऐसे में यह लीग अब काफी रोमांचक दौर में पहुंचती दिख रही है और आने वाले समय में कई रोमांचक मुकाबले खेले जाने हैं।
dharmpath.com dharmpath