ईरान के कृषि मंत्रालय में औषधीय जड़ी-बूटी विभाग के निदेशक पेमन यूसेफी अजर ने कहा कि इस निर्यात में केसर की हिस्सेदारी लगभग दो-तिहाई है, जबकि बाकी निर्यात में डामस्क गुलाब और अन्य जड़ी-बूटियां शामिल हैं।
यूसेफी अजर ने कहा कि ईरान को अपने जड़ी-बूटी उद्योग को बढ़ावा देने के लिए अधिक गंभीर योजनाएं बनाने की जरूरत है।
उन्होंने कहा कि ईरान के औषधीय जड़ी-बूटी के प्रमुख उपभोक्ताओं में पाकिस्तान, संयुक्त अरब अमीरात (यूएई), जर्मनी, जापान और चीन हैं।
ईरान का पर्यावरण पौधों की विभिन्न प्रकार की प्रजातियों के विकास के लिए अनुकूल है, जिनका दवाइयों में इस्तेमाल होता है।
रिपोर्ट के मुताबिक, पश्चिमी देशों द्वारा लगाए गए प्रतिबंध के बाद पिछले कुछ वर्षो में ईरान का वनस्पति उत्पादों का निर्यात घटा है।
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