बीजिंग, 27 मार्च (आईएएनएस)। चीन आठ अप्रैल से ऑनलाइन रिटेल से संबंधित कर नियमों में बदलाव करेगा। इसका मकसद ई-कॉमर्स कंपनियों, पारंपरिक खुदरा कारोबारियों और आयातकों को अवसर की समानता देना है।
समाचार पत्र पीपुल्स डेली की रपट के मुताबिक, वित्त मंत्रालय ने कहा कि ऑनलाइन माध्यम से खरीदे गए सामान को अब ‘पार्सल’ नहीं माना जाएगा। पार्सल पर आयातित वस्तुओं के मुकाबले कम कर लगता है। दोनों पर समान कर लगेगा।
चाइनीज एकेडमी ऑफ सोशल साइंसेज के झांग बिन ने कहा, “पार्सल कर व्यापार के लिए नहीं है। ऑनलाइन रिटेल हालांकि व्यापार है।”
रपट के मुताबिक, चीन में 1,000 युआन (150 डॉलर) से कम मूल्य के आयातित वस्तु को पार्सल माना जाता है और इस पर करीब 10 फीसदी कर लगता है। 50 युआन से कम कर माफ कर दिया जाता है।
विदेशी वस्तुओं की मांग बढ़ने से ऑनलाइन एजेंटों ने पार्सल कर का लाभ उठाना शुरू कर दिया है और कर से बचने के लिए उत्पादों की रीपैकेजिंग करना और डाक से भेजना शुरू कर दिया है।
मंत्रालय ने कहा कि नए नियम के तहत विदेश से हरेक खरीद अधिकतम 2,000 युआन मूल्य का हो सकेगा और एक व्यक्ति साल में अधिकतम 20 हजार युआन मूल्य का विदेशी सामान खरीद सकेगा। इस सीमा से अधिक खरीदारी पर सामान्य व्यापारिक कर लगेगा।
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