वाशिंगटन, 28 मार्च (आईएएनएस)। सर्वोच्च न्यायालय के लिए राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप नामित न्यायाधीश नील गोरसच की पुष्टि के लिए सीनेट में अगले सप्ताह होने वाले मतदान में उनके पक्ष में बहुमत जुटाने में मुश्किलों का सामना करना पड़ सकता है।
वाशिंगटन पोस्ट की सोमवार की रिपोर्ट के मुताबिक, गोरसच (59) को सीनेट की मंजूरी के लिए 60 वोटों की जरूरत है, लेकिन सीनेट में रिपब्लिकनों के पास केवल 52 वोट हैं।
रिपोर्ट के अनुसार, “रिपब्लिकन्स के पास हालांकि ‘न्यूक्लियर’ का विकल्प है।” इसके तहत नियमों को बदला जा सकता है और गोरसच (तथा बाद में अन्य की भी) नियुक्ति साधारण बहुमत से की जा सकती है।
वाशिंगटन पोस्ट की रिपोर्ट के अनुसार, गोरसच पिछले एक दशक से डेनवर स्थित ‘यूएस कोर्ट ऑफ अपील्स’ में नियुक्त हैं।
न्यायिक समिति ने सोमवार को डेमोकेट्र्स के आग्रह पर गोरसच के लिए वोटिंग को एक सप्ताह के लिए स्थगित कर दिया था।
रिपब्लिकन नेता चाहते हैं कि गोरसच सात अप्रैल तक इस पद पर नियुक्त हो जाएं, ताकि गोरसच देर अप्रैल तक यह पदभार संभाल लें और जून में समाप्त होने वाले उसके कार्यकाल के अंतिम मामलों में फैसला ले पाएं।
ट्रंप ने न्यायाधीश एंटोनिन स्कालिया के निधन से रिक्त हुई सर्वोच्च न्यायालय की सीट के लिए गोरसच को चुना है।
रिपब्लिकनों को पूरा भरोसा है कि डेमोकेट्र्स के विरोध के बावजूद गोरसच को सीनेट की मंजूरी मिल जाएगी।
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