मुख्यालय ने कहा कि पुलिस को अपराह्न चार बजे आग से 500 मीटर के दायरे में उच्च घनत्व के जहरीले गैसों का पता चला, जिसमें सल्फर डाईऑक्साइड, कार्बन मोनो ऑक्साइड तथा नाइट्रोजन ऑक्साइड जैसी गैसें पाई गईं, लेकिन वह आग से दो किलोमीटर की दूरी पर नहीं पाई गई।
विस्फोट के तत्काल बाद ही शहर में हवा व जल की गुणवत्ता की निगरानी शुरू कर दी गई। वायु के लिए 17, जबकि जल के लिए पांच निगरानी केंद्र बनाए गए।
वेन ने कहा कि जल की जांच की जा रही है, इसलिए समुद्र में उसे गिरने से रोक दिया गया है।
सर्वाधिक प्रदूषित इलाके में गुरुवार को शाम चार बजे कैंसर जनित गैस इपॉक्सीईथेन की मात्रा 2 मिलीग्राम प्रति घन मीटर से कम पाई गई। पांच मिलिग्राम प्रति घन मीटर मात्रा को नुकसानदायक समझा जाता है।
वहीं, शाम 5.30 बजे मिथाइल बेंजीन तथा वाष्पशील कार्बनिक यौगिकों की मात्रा सुरक्षा मानकों से थोड़ी ही अधिक पाई गई।
जबकि सुबह 11 बजे सभी जहरीली गैसों का स्तर सामान्य पाया गया।
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