नई दिल्ली, 21 जून (आईएएनएस)। दिल्ली की एक अदालत ने रविवार को के दिल्ली सरकार के पूर्व कानून मंत्री जितेंद्र सिंह तोमर को एक दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया। जितेंद्र पर फर्जी डिग्री रखने का आरोप है।
तोमर को दो दिन की पुलिस हिरासत अवधि समाप्त होने के बाद अदालत के समक्ष पेश किया गया था, जिसके बाद महानगर दंडाधिकारी अंकित सिंघला ने उन्हें एक दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया।
शुक्रवार को एक अदालत ने तोमर को दो दिन की पुलिस हिरासत में भेजते हुए दिल्ली पुलिस को आदेश दिया था कि वह आगे उनकी हिरासत की मांग नहीं करेगी।
नौ जून को गिरफ्तार होने के बाद से तोमर 10 दिन तक पुलिस हिरासत में रहे। पुलिस ने उनके खिलाफ धोखाधड़ी, फर्जीवाड़ा और साजिश रचने के आरोप में मामला दर्ज किया है।
इसी बीच, पुलिस ने एक आवेदन पत्र अदालत में सौंपा। इस आवेदन में उसने तोमर के नमूना हस्ताक्षर की मांग की, ताकि इसे जांच में जरूरी अन्य रिकॉर्डो से सत्यापित किया जा सके।
दंडाधिकारी सिंघला ने हालाांकि निजी कारणों का हवाला देते हुए किसी भी तरह के दिशानिर्देश जारी करने से खुद को दूर कर लिया और मामले की अगली सुनवाई के लिए दोनों पक्षों को सोमवार को मुख्य महानगर दंडाधिकारी के समक्ष पेश होने के लिए कहा।
पुलिस का आरोप है कि तोमर ने कानून की फर्जी डिग्री के आधार पर स्वयं को वकील के रूप में पंजीकृत करवाया। उन पर चार अलग-अलग फर्जी डिग्री रखने का आरोप है, जो कथित रूप से चार अलग-अलग कॉलेजों से प्राप्त की गई हैं।
पूर्व कानून मंत्री तोमर के खिलाफ फर्जी डिग्री के मामले में दिल्ली बार काउंसिल के सचिव पुनीत मित्तल ने शिकायत दर्ज कराई थी।
dharmpath.com dharmpath