लखनऊ, 23 अगस्त (आईएएनएस)। केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने रविवार को कहा कि पाकिस्तान का एनएसए स्तर की बैठक से पीछे हटना दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान की ओर से हमेशा संघर्षविराम समझौते का उल्लंघन किया गया है।
राजनाथ ने लखनऊ दौरे के दूसरे दिन राष्ट्रीय संस्कृत संस्थान परिषद में एक कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए यह बात कही।
राजनाथ ने कहा, “भारत हमेशा से ही अपने पड़ोसियों से अच्छे संबंध चाहता रहा है। इसके बाद भी हमारे पड़ोसी पाकिस्तान का राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (एसएसए) की बैठक से पीछे हटना दुर्भाग्यपूर्ण है।”
उन्होंने कहा, “उफा बैठक में दोनों देशों के प्रधानमंत्रियों के बीच आतंकवाद पर बातचीत का जो एजेंडा तय हुआ था उसी पर बात करने से पाकिस्तान पीछे हट गया है। पाकिस्तान ने एजेंडे से भटकते हुए वार्ता निरस्त की, जो गलत है।”
राजनाथ ने कहा, “लगता है कि पाकिस्तान अब आतंकवाद पर भारत से बात नहीं करना चाहता है। पाकिस्तान के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (एनएसए) सरताज अजीज ने इसीलिए भारत का अपना दौरा रद्द कर दिया। वार्ता रद्द होने से पाकिस्तान की हकीकत एक बार फिर सामने आ गई है। इससे उनकी कपट भरी कूटनीति का भी खुलासा हो गया है।”
राजनाथ ने कहा कि पाकिस्तान का कश्मीर को मुख्य मुद्दा बताना गलत है। उन्होंने सवाल किया कि अगर कश्मीर पर चर्चा करनी थी, तो उसे पहले तय क्यों नहीं किया।
गृहमंत्री ने कहा, “हुर्रियत नेताओं से बातचीत करने की पाक की पुरानी आदत है। उफा में ही तय हो गया था कि बातचीत भारत-पाकिस्तान के बीच ही होगी, कोई तीसरा पक्ष नहीं होगा। ऐसे में हुर्रियत नेताओं के साथ बैठक का क्या औचित्य है।”
राजनाथ ने कहा कि पाकिस्तान की तरफ से बार-बार संघर्षविराम समझौते का उल्लंघन किया जा रहा है। जबकि पाक ने इससे पहले कई बार ऐसा न करने की बात कह चुका है।
dharmpath.com dharmpath