नई दिल्ली, 11 दिसम्बर (आईएएनएस)। बिजली चोरी से जुड़े मामलों में न्यायिक देरी को टालने के लिए बनी विशेष लोक अदालतों में बीएसईएस ने 50 करोड़ रुपये मूल्य के रिकार्ड 5,600 बिजली के मामलों का निपटारा किया।
बीएसईएस द्वारा जारी बयान के मुताबिक, इन कंप्यूटरीकृत लोक अदालतों का आयोजन बीएसईएस राजधानी पॉवर लि. और उसकी सहयोगी वितरण कंपनी बीएसईएस यमुना पॉवर लि. द्वारा सप्ताहांत में पेपररहित तरीके से किया गया, जिसमें रिकार्ड 5,600 मामले निपटाए गए।
बिजली वितरण कंपनी बीएसईएस ने दिल्ली राज्य विधिक सेवाएं समिति के सहयोग से साकेत, कड़कड़डूमा और द्वारका के अलावा आईटीओ स्थित स्थायी लोक अदालत में 9 और 10 दिसंबर को विशेष लोक अदालत का आयोजन किया। शनिवार व रविवार को आयोजित लोक अदालत में 50 करोड़ रुपये की बिजली चोरी के 5,600 मामले निपटाए गए। यह अब तक का रिकॉर्ड है।
बीएसईएस ने एक बयान में कहा कि बिजली की चोरी और मीटर से छेड़छाड़ के मामले में शामिल उपभोक्ताओं से अपील की थी कि वे मामले का निपटारा करने के लिए लोक अदालत का लाभ उठाएं। इनमें घरेलू उपभोक्ताओं के अलावा उद्योगपति, फैक्टरी मालिक, व्यापारी और नौकरीपेशा लोग भी शामिल थे।
बीएसईएस के प्रवक्ता ने कहा कि जिन उपभोक्ताओं के मामलों का निपटारा किया गया है, उन्हें भुगतान के लिए पर्याप्त समय दिया गया है और किश्तों में भुगतान की सुविधा भी प्रदान की गई है।
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