कोलकाता, 25 अप्रैल (आईएएनएस)। सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) ने शनिवार को दो बांग्लादेशी लड़कियों को तस्करों के चंगुल से छुड़ा लिया। इसमें एक लड़की नाबालिग है। इन लड़कियों को तस्करी कर पश्चिम बंगाल लाया जा रहा था।
कोलकाता, 25 अप्रैल (आईएएनएस)। सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) ने शनिवार को दो बांग्लादेशी लड़कियों को तस्करों के चंगुल से छुड़ा लिया। इसमें एक लड़की नाबालिग है। इन लड़कियों को तस्करी कर पश्चिम बंगाल लाया जा रहा था।
बांग्लादेश के सतखिरा जिले की निवासी एक 12 वर्षीय बच्ची को खरारमठ सीमा चौकी के पास से बचाया गया, जबकि बांग्लादेश के किशोरगंज की निवासी एक 18 वर्षीय लड़की को नादिया जिले में मुस्तफापुर सीमा चौकी के पास से बचाया गया।
बीएसएफ के उप कमांडेंट अजय कुमार ने कहा, “बांग्लादेशी दलाल नाबालिग को लेकर भारत आया और उसे एक स्थानीय दलाल को बेच दिया, जिसने उसके साथ छेड़छाड़ की कोशिश की। उसकी चीख सुनकर बीएसएफ के एक गश्ती दल ने घटनास्थल पर पहुंचकर उसे बचा लिया।”
कुमार ने कहा, “तस्करों ने उसे लालच दिया था और वादा किया था कि वे उसे भारत में उसके मामा के यहां पहुंचा देंगे। उसे उसके परिवार तक सुरक्षित पहुंचाने के लिए बार्डर गार्ड बांग्लादेश को सौंप दिया गया है।”
कुमार ने कहा कि नाबालिग की तस्करी के लिए उत्तर 24 परगना जिले के एक निवासी को गिरफ्तार किया गया है।
दूसरे मामले में एक 18 वर्षीय लड़की को नादिया जिले में मुस्तफापुर सीमा चौकी के पास एक विशेष अभियान के दौरान बचाया गया, और उसे पुलिस को सौंप दिया गया।
लड़की ने कहा, “चार भाइयों और दो बहनों के परिवार के लिए पेट की रोटी जुटा पाना कठिन था। मुझे एक पड़ोसी ने कोलकाता में एक नौकरी दिलाने का वादा किया, जो मुझे लेकर यहां आया।”
एक अन्य घटना में नादिया जिले में एक 30 वर्षीय भारतीय महिला को गिरफ्तार किया गया, जो सोने की तस्करी कर बांग्लादेश ले जाने की कोशिश कर रही थी।
उसके पास से 16.30 लाख रुपये मूल्य के सोने के तीन बिस्किट बरामद हुए।
जहांनारा मंडल नामक यह महिला उत्तर 24 परगना की निवासी है और उसे पुलिस को सुपूर्द कर दिया गया।
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