साइबर ग्रैंड चैलेंज (सीजीसी) के 10 घंटे के आखिरी कार्यक्रम में मेहेम ने कंप्यूटर सिस्टम द्वारा वायरस और बग खोजने की क्षमता की जांचने वाली इस प्रतियोगिता में जीत हासिल की।
इस कंप्यूटर को पीट्सबर्ग की ‘फॉरऑलसिक्यूर’ कंपनी ने अमेरिकी यूनिवर्सिटी के शोधार्थियों के साथ मिलकर डिजाइन किया है।
शोध दल के नेतृत्वकर्ता व कारनेगी मेलोन यूनिवर्सिटी के प्राध्यापक डेविड ब्रुमली ने बताया, “हम इसे एक पहले कदम की तरह देख रहे हैं।”
वहीं अमेरिका के होमलैंड सुरक्षा सलाहकार परिषद के एक सदस्य जेफ मॉस ने कहा, “हम एक नए युग की शुरुआत में हैं और मैं बहुत उत्साहित हूं।”
इस प्रतियोगिता का आयोजन अमेरिका की डिफेंस एडवांस्ड रिसर्च प्रोडेक्ट्स एंजेसी (डीएआरपीए) ने किया था।
इस प्रतियोगिता के दौरान एथिकल कंप्यूटर हैकर्स, शिक्षाविदों और निजी क्षेत्र के कंप्यूटर सुरक्षा विशेषज्ञों द्वारा विकसित सात टीमों के पंद्रह सुपर कंप्यूटरों ने पेरिस लास वेगास कैसीनो बॉलरूम में हजारों कंप्यूटर सुरक्षा विशेषज्ञों व अन्य दर्शकों के सामने सॉफ्टवेयर खामियों की पहचान, निदान और समाधान को अंजाम देने की प्रतिस्पर्धा को अंजाम दिया।
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