ऐसा अनुमान जताया जाता है कि मोजांबिक में विमान का जो मलबा मिला है, वह आठ मार्च, 2014 को लापता हुए मलेशिया एयरलाइंस के विमान एमएच 370 का हो सकता है।
मोजांबिक के नेशनल सिविल एविएशन इंस्टीट्यूट के निदेशक जोआओ दे एब्रयू ने शुक्रवार को कहा कि उनका संस्थान बरामद मलबे को मलेशिया के जांच विशेषज्ञ दल को सौंपना पसंद करेगा।
मोजांबिक के विलानकुलोस कस्बे के निकट एक रेतीले तट पर विमान का वह मलबा एक मछुआरे को मिला था।
सरकारी समाचार एजेंसी एआईएम ने शुक्रवार को एब्रयू के हवाले से कहा कि विमान का जो मलबा मिला है, उसे एमएच370 का हिस्सा बताना जल्दबाजी होगी।
एआईएम के मुताबिक, स्थानीय टेलीविजन चैनल को दिए साक्षात्कार में एब्रयू ने मलबे को लापता हुए बोईंग 777 विमान का हिस्सा बताने पर संदेह जताया।
उन्होंने हालांकि कहा कि मोजांबिक में लापता हुए किसी भी विमान का यह हिस्सा नहीं है।
एब्रयू ने कहा, “जो कोई भी इसका पता लगाना चाहता है कि मलबा किस विमान का है, उसके साथ काम करने के लिए हम तैयार हैं।”
उल्लेखनीय है कि 239 यात्रियों को ले जा रहे लापता हुए विमान एमएच370 के बारे में माना जाता है कि वह दक्षिणी हिंद महासागर में लापता हो गया।
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