मोदी ने रखी अंबेडकर स्मारक की आधारशिला, शिवसेना का बहिष्कार

मुंबई, 11 अक्टूबर (आईएएनएस)। सहयोगी दल शिवसेना के बहिष्कार के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को डॉक्टर बी.आर.अंबेडकर स्मारक की आधारशिला रखी।

मुंबई, 11 अक्टूबर (आईएएनएस)। सहयोगी दल शिवसेना के बहिष्कार के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को डॉक्टर बी.आर.अंबेडकर स्मारक की आधारशिला रखी।

आधे दिन की यात्रा पर यहां पहुंचे मोदी दादर स्थित बाबा साहेब अंबेडकर के समाधि स्थल चैत्यभूमि गए और देश के संविधान निर्माता को अपने श्रद्धासुमन अर्पित किए।

इसके बाद मोदी इंदु मिल परिसर गए और वहां अंबेडकर स्मारक की आधारशिला रखी। साढ़े 12 एकड़ में बनने वाले इस स्मारक पर 4 अरब रुपये से अधिक खर्च होंगे।

इस मौके पर महाराष्ट्र के राज्यपाल सी.वी.राव, मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, राज्य भाजपा अध्यक्ष रावसाहब दानवे, अंबेडकर के पौत्र डाक्टर प्रकाश अंबेडकर, दलित पार्टियों के नेता मौजूद थे।

शिवसेना ने समारोह के बहिष्कार का ऐलान किया था। इसी वजह से पार्टी नेता उद्धव ठाकरे और मुंबई मेयर स्नेहल अंबेडकर ने कार्यक्रम में शिरकत नहीं की।

विपक्षी कांग्रेस और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) ने मुख्यमंत्री फडणवीस पर एक राष्ट्रीय कार्यक्रम को पार्टी कार्यक्रम में बदल देने और इसमें विपक्षी नेताओं को नहीं बुलाने का आरोप लगाया।

वरिष्ठ कांग्रेस नेता और विधायक संजय दत्त ने कहा, “हम अंबेडकर स्मारक की आधारशिला रखे जाने का समर्थन करते हैं। इस परियोजना की शुरुआत कांग्रेस-राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी की सरकार ने की थी। हम कार्यक्रम को भाजपा का कार्यक्रम बनाकर इसका राजनीतिकरण करने पर खेद जताते हैं।”

एनसीपी प्रवक्ता महेश तापसे ने एक बयान में कहा, “फडणवीस छोटे दिल के आदमी हैं। उन्हें इंदु मिल के मामले को उठाते रहने वाले एनसीपी नेता शरद पवार को खुद निमंत्रित करना चाहिए था। यह एनसीपी थी जिसने मांग की थी कि यहां अंबेडकर स्मारक बनाया जाए।”

मुंबई कांग्रेस के अध्यक्ष संजय निरुपम ने शिवसेना द्वारा कार्यक्रम के बहिष्कार पर ट्वीट किया, “महाराष्ट्र में सत्तारूढ़ मोर्चे में पूरी तरह अलगाव हो गया। दोनों एक दूसरे से सौतन की तरह चिढ़ रहे हैं।” निरुपम ने विश्व स्तरीय अंबेडकर स्मारक बनाने की “कांग्रेस की योजना को आगे बढ़ाने के लिए” मोदी की प्रशंसा की।

इस कार्यक्रम से संबंधित तमाम होर्डिग-बैनर में न शिवसेना थी न ही कोई अन्य पार्टी। सभी में भाजपा और उसके नेता दिख रहे थे।

योजना के मुताबिक अंबेडकर स्मारक में 100 फीट ऊंची अंबेडकर प्रतिमा, संग्रहालय, पुस्तकालय, शोध केंद्र और पर्यटकों के लिए अन्य सुविधाएं होंगी।

About admin


Notice: ob_end_flush(): Failed to send buffer of zlib output compression (0) in /home4/dharmrcw/public_html/wp-includes/functions.php on line 5493