हरदेव सनोत्रा
हरदेव सनोत्रा
रियो डी जनेरियो, 14 अगस्त (आईएएनएस)। भारत की सानिया मिर्जा और रोहन बोपन्ना की जोड़ी को यहां जारी 31वें ओलम्पिक खेलों में टेनिस के मिश्रित युगल वर्ग स्पर्धा के सेमीफाइनल मुकाबले में हार का सामना करना पड़ा।
ओलम्पिक टेनिस सेंटर में हुए इस मुकाबले में सानिया और बोपन्ना को अमेरिका की वीनस विलियम्स और राजीव राम की जोड़ी ने हराया।
एक घंटे और 17 मिनट तक चले इस मुकाबले में अमेरिकी जोड़ीदारों ने भारतीय जोड़ीदारों को 2-6, 6-2, 10-3 से पराजित कर अपने लिए कम से कम रजत पदक सुरक्षित कर लिया है।
सानिया और बोपन्ना को अब कांस्य पदक के लिए प्लेऑफ मैच में खेलना होगा। यह मैच रविवार को चेक गणराज्य की लुसी ह्रादेका और रादेक स्तेपानेक के खिलाफ होगा।
इसके अलावा स्वर्ण पदक के लिए वीनस और राम का मुकाबला अमेरिका के जैक सॉक और बेथानी मटेक-सैंड्स की जोड़ी से होगा।
ओलम्पिक खेलों को इतिहास में भारत ने टेनिस में केवल एक बार पदक जीता है। दिग्गज टेनिस खिलाड़ी लिएंडर पेस ने 1996 अटलांटा ओलम्पिक में पुरुष एकल वर्ग में कांस्य पदक जीता था।
सेमीफाइनल मुकाबले में मिली हार के बावजूद सानिया और बोपन्ना अपने खेल में सुधार करने और कांस्य पदक पर कब्जा जमाने की ओर प्रतिबद्ध हैं।
सानिया मे मुकाबले के बाद कहा, “मैच हारने के 10 मिनट बाद आपको सकारात्मक सोच की ओर बढ़ने में काफी मुश्किल होती है लेकिन टेनिस में हमें अधिक अवसर नहीं मिलते। हम एक अन्य पदक जीतने के लिए मिले अवसर से काफी खुश हैं।”
भारत की दिग्गज महिला टेनिस खिलाड़ी ने कहा, “यह काफी दुर्भाग्य की बात है कि परिणाम हमारे पक्ष में नहीं रहा। हमें अब सही चीजें कर इस हार से उबरना होगा।”
वीनस और उनके जोड़ीदार राम की तारीफ करते हुए बोपन्ना ने कहा, “दोनों टीमें एक ही स्थिति में हैं। टेनिस में ऐसा पहली बार हुआ है कि हमें पदक जीतने का दूसरा मौका मिला है। कई भाव दिमाग में चल रहे हैं लेकिन एक टेनिस खिलाड़ी होने के नाते हमें इन्हें किनारे रखना होगा।”
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