बीजिंग, 30 मार्च (आईएएनएस)। सीमा के आर-पार अनियंत्रित अपराध से निपटने के लिए एक विशेष कानून प्रवर्तन कॉलेज की स्थापना के लिए चीन, दक्षिण पूर्व एशियाई देशों (आसियान) के साथ सहभागिता करेगा।
चीन-आसियान कानून प्रवर्तन कॉलेज युन्नान पुलिस अधिकारी अकादमी के भीतर होगा।
चीन ने मंगलवार को कहा कि कॉलेज का वित्त पोषण लोक सुरक्षा मंत्रालय करेगा।
समाचार पत्र ‘चाइना डेली’ के मुताबिक, विशेषज्ञों ने कहा कि हालिया वर्षो में सीमा पार अपराध और आतंकवादी गतिविधियां, मादक पदार्थो का निर्माण और तस्करी, मानव तस्करी, हथियारों की तस्करी, अवैध आव्रजन, साइबर अपराध और टेलीकॉम धोखा बेहद आम हो गए हैं। ये क्षेत्रीय सुरक्षा और स्थिरता के लिए गंभीर खतरा हैं।
मंत्रालय के अंतर्राष्ट्रीय सहयोग ब्यूरो के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, “सीमा पार के अपराधों से निपटने के लिए चीन और आसियान देशों के बीच कानून प्रवर्तन को मजबूत करने के लिए ऐसे कॉलेज की स्थापना बेहद जरूरी है।”
मंत्रालय के अनुसार कॉलेज की स्थापना के साथ ही चीन और आसियान देश संचार बढ़ाएंगे और छात्रों और शिक्षकों के नियमित दौरे और आदान प्रदान करेंगे।
साथ ही वे प्रासंगिक मामलों पर संयुक्त रूप से शोध करेंगे और व्यावहारिक अनुभव साझा करेंगे।
मंत्रालय ने कहा कि चीन, आसियान देशों के 2,000 पुलिस अधिकारियों को प्रशिक्षण देकर सीमावर्ती अपराध से निपटने की उनकी योग्यता सुधारने में मदद करेगा।
सूचना के आदान-प्रदान के लिए एक समिति कर गठन करने पर भी सहमति बनी है। आसियान देशों के मंत्रलायों और कानून प्रवर्तन प्रशासनों के बीच वार्षिक सम्मेलन भी किए जाएंगे।
कंबोडिया की पुलिस अकादमी के अध्यक्ष सेंग फैली ने कहा, “हमें मानव तस्करी और मादक पदार्थो के निर्माण और तस्करी से निपटने के लिए तत्काल सहायता लेने की जरूरत है।”
उन्होंने कहा कि ऐसा कॉलेज प्रवर्तन एजेंसियों को और अधिक सक्षम बनाएगा।
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