कोलकाता, 25 अगस्त (आईएएनएस)। पश्चिम बंगाल सरकार किसानों, मध्य वर्ग और गरीबी रेखा से नीचे रहने वालों के लिए बिजली के दाम नहीं बढ़ाएगी। राज्य के ऊर्जा मंत्री शोभनदेव चट्टोपाध्याय ने गुरुवार को यह जानकारी दी।
उन्होंने कहा, “मैं आपको आश्वस्त करता हूं कि सरकार घरेलू, बीपीएल और कृषि क्षेत्रों के लिए बिजली के दाम में बढ़ोतरी नहीं करेगी। इन सबसे बाहर की श्रेणियों में नियामकों द्वारा परिवर्तन की अनुमति की मैं अभी पुष्टि नहीं कर सकता।”
चट्टोपाध्याय ने द बंगाल चैंबर द्वारा आयोजित ऊर्जा सम्मेलन से इतर बताया, “ऊंची इमारतों और बिजली के थोक उपभोक्ताओं के लिए दाम बढ़ाए जा सकते हैं।”
पश्चिम बंगाल राज्य विद्युत वितरण कंपनी लि. (डब्ल्यूबीएसइडीसीएल) ने जुलाई से बिजली की कीमतों में 23 पैसे प्रति यूनिट की वृद्धि की है।
मंत्री ने कहा कि डिसकॉम (वितरण कंपनी) ने पहले ही 400 करोड़ रुपये से ज्यादा की सब्सिडी दी है।
राज्य विद्युत नियामक आयोग के एक अधिकारी ने आईएएनएस को बताया, “राज्य सरकार वितरण कंपनी को सब्सिडी देती है ताकि 300 यूनिट तक की दर घरेलू उपभोक्ताओं के लिए कम रखी जा सके।”
चट्टोपाध्याय ने कहा कि पश्चिम बंगाल साल 2017 के मध्य तक पूर्ण बिजलीकरण कर लेगा। सरकार समूची सुंदरवन की आबादी को बिजली पहुंचाने पर काम कर रही है और 95-97 फीसदी काम पूरा कर लिया गया है।
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