इस्लामाबाद, 13 अक्टूबर (आईएएनएस)। पाकिस्तानी सर्वोच्च न्यायालय ने गुरुवार को एक पाकिस्तानी ईसाई महिला की याचिका पर सुनवाई अनिश्चित काल के लिए स्थगित कर दी। ईश निंदा के आरोप में मौत की सजा पाई उस महिला की याचिका की सुनवाई करने से एक न्यायाधीश के इनकार के बाद यह सुनवाई स्थगित कर दी गई।
डॉन ऑनलाइन की खबर के अनुसार, आसिया बीबी पैगंबर मुहम्मद साहब का अपमान करने की आरोपी है। आरोप है कि एक कटोरा पानी को लेकर एक मुस्लिम महिला के साथ हुए झगड़े में आसिया ने मुहम्मद साहब के बारे में कोई अनर्गल बात कही थी।
वर्ष 2010 में उसे मौत की सजा सुनाई गई थी। हालांकि, उसके वकीलों ने उसे निर्दोष बताया था और जोर देकर कहा था कि आरोप लगाने वाली महिला की आसिया से पुरानी दुश्मनी है।
यह सुनवाई तब स्थगित कर दी गई, जब तीन सदस्यीय पीठ के एक न्यायाधीश इकबाल हामिद-उर-रहमान ने खुद को इस आधार पर अलग कर लिया कि उन्होंने सलमान तासीर मामले की भी सुनवाई की है।
तासीर पंजाब प्रांत के गवर्नर थे। उनके ही अंगरक्षक ने वर्ष 2011 में तब उनकी हत्या कर दी थी, जब उन्होंने आसिया बीबी के पक्ष में कुछ कहा था।
न्यायाधीश के मामले से अलग होने के बाद मुख्य न्यायाधीश को पीठ में एक अन्य न्यायाधीश की नियुक्ति के लिए एक पत्र भेजा गया।
यह स्पष्ट नहीं है कि मामले की सुनवाई फिर कब शुरू होगी।
आसिया बीबी के खिलाफ हजारों लोगों ने प्रदर्शन किया है और कहा है कि यदि कभी भी उसे छोड़ा गया तो वे लोग उसकी हत्या कर देंगे। प्रदर्शनकारियों उसके अपने गांव का इमाम भी थे।
आसिया के पति और चार बेटियां किसी अज्ञात स्थान पर रहते हैं। उन्होंने कहा है कि उन्हें हत्या कर दिए जाने की कई धमकियां मिली हैं।
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