बैंकाक, 27 नवंबर (आईएएनएस)। स्वयंसेवी मानवाधिकार संगठन एमनेस्टी इंटरनेशनल ने रविवार को मलेशिया से एक लोकप्रिय राजनीतिक कार्टूनिस्ट को रिहा करने का आग्रह किया जिसे प्रधानमंत्री नजीब रजाक का अपमानजनक कार्टून बनाने को लेकर गिरफ्तार किया गया है।
बैंकाक, 27 नवंबर (आईएएनएस)। स्वयंसेवी मानवाधिकार संगठन एमनेस्टी इंटरनेशनल ने रविवार को मलेशिया से एक लोकप्रिय राजनीतिक कार्टूनिस्ट को रिहा करने का आग्रह किया जिसे प्रधानमंत्री नजीब रजाक का अपमानजनक कार्टून बनाने को लेकर गिरफ्तार किया गया है।
एफे न्यूज के अनुसार, जुल्कीफ्ली अनवर उलहक को जुनार के नाम से भी जाना जाता है। उसे शनिवार को राजद्रोह के आरोप में गिरफ्तार किया गया। एक दिन पहले ही सुरक्षा बलों ने उसकी कार्टूनों की प्रदर्शनी को समाप्त करा दिया था जिसे प्रधानमंत्री का अपमान करने वाला माना जा रहा था।
इस संस्था के दक्षिणपूर्व एशिया एवं प्रशांतमहासागरीय क्षेत्र के उप निदेशक जोसेफ बेनेडिक्ट ने एक बयान में कहा है, जुनार की गिरफ्तारी एक अत्याचार है। उसके खिलाफ लगाए गए राजद्रोह के आरोप को तत्काल हटाया जाना चाहिए और उसे राजद्रोह के आरोप से हर हाल में बिना शर्त रिहा किया जाना चाहिए।
बेनेडिक्ट ने मलेशिया के प्रशासन पर राष्ट्रीय सुरक्षा की आड़ में शांतिपूर्ण आवाजों को बंद करने और दंड देने के लिए दमनात्मक कानूनों का सहारा लेने का आरोप लगाया है।
वर्ष 2009 में सत्तारूढ़ हुए रजाक के खिलाफ अभियान ने वर्ष 2015 में तब जोर पकड़ा जब उन पर विदेशी मीडिया ने सरकार के खजाने 1 एमबीडी (1मलेशिया डेवलपमेंट बरहाद) से करीब 70 करोड़ डॉलर गबन कर लेने का आरोप लगाया।
रजाक और उनके समर्थकों ने इन आरोपों से इनकार किया है और भ्रष्टाचार निरोधक एजेंसी की जांच के बाद मलेशियाई लोक अभियोजक कार्यालय ने उन्हें 2016 के जनवरी में सभी आरोपों से मुक्त कर दिया।
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