प्रजातंत्र की सफलता स्वतंत्र न्यायपालिका पर निर्भर : योगी

मुख्यमंत्री योगी शनिवार को उच्च न्यायालय स्थित सभागार में आयोजित उत्तर प्रदेश न्यायिक सेवा संघ के 41वें अधिवेशन समारोह को सम्बोधित कर रहे थे।

योगी ने कहा कि परिवार एवं समाज में शांति का होना राष्ट्र के विकास के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। इसके तहत सरकार द्वारा परिवार न्यायालय को सुदृढ बनाने के लिए विशेष प्रयास किए जा रहे हैं। सरकार ने 111 अतिरिक्त परिवार न्यायालय गठित किए गए हैं। भू-अर्जन के मुकदमों के शीघ्र निस्तारण के लिए जनपद न्यायाधीश स्तर के 13 भू-अर्जन न्यायालयों का गठन भी किया जा चुका है। प्रदेश के प्रत्येक मण्डल में कॉमर्शियल न्यायालयों के गठन के निर्णय के तहत 13 कॉमर्शियल न्यायालयों का गठन भी कर लिया गया है। इसी प्रकार राज्य सरकार द्वारा महिलाओं के लिए विशेष न्यायालयों का गठन किया गया है।

उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि न्यायिक अधिकारियों को बेहतर सुविधा उपलब्ध कराई जाएं ताकि प्रदेश वासियों को त्वरित न्याय दिलाने में और भी आसानी हो। इलाहाबाद में 395 करोड़ रुपए की लागत से न्याय ग्राम टाउनशिप का निर्माण कराया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि समाज में न्यायिक जागरूकता व न्यायिक सारक्षरता लाने के लिए 20 जनपदों में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण में पूर्णकालिक सचिव के पद सृजित किए गए हैं। कल्याण कोष न्यायिक अधिकारी में 10 करोड़ की अनुदान राशि सरकार की तरफ से स्वीकृति दे दी गयी है।

उन्होंने कहा, “जब मैं न्यायालय आता हूं तो वह दिन शनिवार होता है और सभी को पता है कि शनि न्याय के देवता हैं। आज एक बार फिर मैं शनिवार को हाई कोर्ट में मौजद हूं। ऐसे कार्यक्रम शनिवार को आयोजित करके न्यायपालिका अपना समय बचाती है।”

About admin


Notice: ob_end_flush(): Failed to send buffer of zlib output compression (0) in /home4/dharmrcw/public_html/wp-includes/functions.php on line 5493