उन्होंने इस अवसर पर वहां उपस्थित बच्चों से बातचीत भी की। उन्होंने आंगनबाड़ी के बच्चों से कविता भी सुनी और उन्हें प्रोत्साहन स्वरूप किताबें और फल भी वितरित किया। उन्होंने ग्रामवासियों के सामूहिक सहयोग से स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र और उसके पूरे परिसर को स्मार्ट बनाने के कार्य की प्रशंसा भी की।
राज्यपाल पटेल ने इस अवसर पर उपस्थित ग्रामीणों को संबोधित करते हुए कहा कि बच्चे देश का भविष्य होते हैं, उन्हें सही पोषण, स्वास्थ्य और शिक्षा मिले, ये सुनिश्चित करना हम सभी की जिम्मेदारी है। केंद्र और राज्य सरकार की ओर से अनेक योजनाएं संचालित की जा रही है, इनका भरपूर लाभ लोगों को मिलना चाहिए।
उन्होंने कहा कि गर्भवती माताओं और उसके बच्चे को सही पोषण मिले इसके लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से मातृ वंदन योजना बनाई गई है। इस योजना के तहत गर्भवती माताओं और उसके बच्चे के टीकाकरण और बेहतर पोषण के लिए किश्तों में कुल 6,000 रुपए की आर्थिक सहायता प्रदान की जा रही है। ये राशि महिलाओं को उनके बैंक खातों में प्रदान की जा रही है। गर्भवती मां को सही पोषण मिले ताकि स्वस्थ्य राष्ट्र का निर्माण हो सके।
राज्यपाल ने छत्तीसगढ़ में कुपोषित बच्चों को समुदाय की सहभागिता से बालमित्रों द्वारा गोद लेने के कार्य की सराहना भी की। उन्होंने इसके लिए टेमरी गांव के प्रयासों की प्रशंसा की।
dharmpath.com dharmpath