अंर्तराष्ट्रीय योग महोत्सव में देसंविवि ने लहराया परचम

हरिद्वार, 15 जनवरी (आईएएनएस)। पांडिचेरी के पर्यटन विभाग द्वारा संचालित 21वें अंतर्राष्ट्रीय योग महोत्सव में हरिद्वार स्थित देवसंस्कृति विश्वविद्यालय (देसंविवि) की टीम 2 स्वर्ण, 2 रजत, 1 कांस्य व तीन सांत्वना पुरस्कार जीते। अब तक देसंविवि को किसी एक अंतर्राष्ट्रीय योग प्रतियोगिता में मिले पदक की संख्या का एक नया रिकार्ड है।

विज्ञप्ति के अनुसार, जनवरी के प्रथम सप्ताह में इस महोत्सव में 12 देशों के अलावा भारत के 20 राज्यों के करीब सात सौ योग प्रतिभागियों ने भाग लिया था।

उत्तराखंड की ओर से प्रतिनिधित्व करते हुए देसंविवि के विभिन्न आयु वर्ग के 15 विद्यार्थियों की एक टीम प्रतिभाग करने पांडिचेरी गई थी। टीम के कोच योग विभाग के डॉ. सुनील कुमार और मैनेजर डॉ. सरस्वती काला ने बताया कि विद्यार्थियों को मिले पदक इनकी मेहनत और लगन का परिणाम है।

दल के वापस लौटने पर अखिल विश्व गायत्री परिवार प्रमुख डॉ. प्रणव पण्ड्या एवं संस्था की अधिष्ठात्री शैलबाला पण्ड्या ने इन विद्यार्थियों को बधाई दी।

इस अवसर पर उन्होंने कहा कि योग से स्वयं स्वस्थ रहा जा सकता है और स्वस्थ मन से किए गए प्रत्येक कार्य सही ढंग से सम्पन्न होते हैं और सफलता भी प्राप्त होती है।

प्रतियोगिता की जानकारी देते हुए डॉ. सुनील कुमार ने बताया कि महिला वर्ग के 21 से 25 आयुवर्ग में दिलराजप्रीत कौर और 30 से 35 आयुवर्ग में टीलूमाया पोवरेल ने स्वर्णपदक अर्जित किया। वहीं पुरुष वर्ग के 21 से 25 आयुवर्ग में अनमोल एवं 30 से 35 आयुवर्ग में राकेश छिल्लर ने रजत पदक जीता।

महिला वर्ग के 21 से 25 आयुवर्ग में वर्षा वर्मा ने कांस्य पदक हासिल किया। सक्षम मिश्रा, विमल कुमार पंडित और गरिमा जायसवाल ने अपनी-अपनी आयुवर्ग में चतुर्थ स्थान प्राप्त किया। प्रतिकुलपति डॉ. चिन्मय पण्ड्या ने इन विद्यार्थियों के कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि इस उपलब्धि से सारा विश्वविद्यालय परिवार अभिभूत है।

कुलसचिव संदीप कुमार ने कहा कि अब तक हुए किसी एक अंतर्राष्ट्रीय योग महोत्सव में देसंविवि के खाते में जुड़े पदकों की संख्या का यह एक नया रिकार्ड है। इस पूरे कार्यक्रम में विद्यार्थियों की सफलता में योग विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. सुरेश वर्णवाल की मेहनत सराहनीय रहा।

इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।

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