संविधान से ‘धर्मनिरपेक्षता’ व ‘समाजवाद’ को हटाएं : शिव सेना

मुंबई, 28 जनवरी (आईएएनएस)। शिव सेना ने बुधवार को मांग की कि संविधान की भूमिका से ‘धर्मनिरपेक्षता’ और ‘समाजवाद’ शब्दों को हटा दिया जाए। केंद्र सरकार की ओर से गणतंत्र दिवस के विज्ञापन पर विवाद उभरने के एक दिन बाद शिव सेना ने यह मांग की है।

मुंबई, 28 जनवरी (आईएएनएस)। शिव सेना ने बुधवार को मांग की कि संविधान की भूमिका से ‘धर्मनिरपेक्षता’ और ‘समाजवाद’ शब्दों को हटा दिया जाए। केंद्र सरकार की ओर से गणतंत्र दिवस के विज्ञापन पर विवाद उभरने के एक दिन बाद शिव सेना ने यह मांग की है।

शिव सेना के सांसद संजय राउत ने सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय द्वारा गणतंत्र दिवस के लिए जारी विज्ञापन से शब्द को हटाए जाने का स्वागत किया। शब्द हटाने पर हंगामा खड़ा हो गया है।

राउत ने संवाददाताओं से कहा, “हम इसका स्वागत करते हैं। यह हालांकि अनजाने में किया गया है, लेकिन यह भारत के लोगों की भावना का सम्मान करने के जैसा है। यदि इस बार गलती से शब्द हट गया है तो हम चाहते हैं कि इन्हें संविधान से सदा के लिए हटा दिया जाए।”

राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष जितेंद्र अव्हाड ने शिव सेना के प्रस्ताव का विरोध किया है।

अव्हाड ने कहा, “हम संविधान को उस रूप में पढ़ते हैं जैसा रूप उसका आज है। संशोधन संसदीय प्रक्रिया का हिस्सा है। भूमिका में जैसा कहा गया है और विज्ञापन में ‘धर्मनिरपेक्षता’ और ‘समाजवाद’ को हटा दिया गया। क्या इससे भाजपा (भारतीय जनता पार्टी) के पूर्वाग्रह की झलक मिलती है।”

देश के 66वें गणतंत्र दिवस उत्सव आयोजित होने का विज्ञापन देश भर के अखबारों में प्रकाशित हुआ जिसमें भूमिका को इस प्रकार उद्धृत किया गया है, “हम भारत के लोग दृढ़ता से भारत को सार्वभौम लोकतांत्रिक गणराज्य में गठित करने को संकल्पबद्ध हैं।”

मूल भूमिका में कहा गया है, “हम भारत के लोग पूरी दृढ़ता से भारत को सार्वभौम समाजवादी धर्मनिरपेक्ष गणराज्य में गठित करने और इसके सभी नागरिकों को निर्भय बनाने के लिए संकल्पबद्ध हैं।”

About admin


Notice: ob_end_flush(): Failed to send buffer of zlib output compression (0) in /home4/dharmrcw/public_html/wp-includes/functions.php on line 5493