जबलपुर-तेज डीजे के शोर और ध्वनि प्रदूषण के खिलाफ नागरिक उपभोक्ता मंच ने कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा है। बैतूल में डीजे की वजह से छात्रा की मौत का हवाला देते हुए शहर व ग्रामीण इलाकों में तेज डीजे पर पूरी तरह बैन लगाने की मांग उठी है।तेज आवाज में बजने वाले डीजे को लेकर सामाजिक संगठनों ने प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग की है। नागरिक उपभोक्ता मंच के पदाधिकारियों ने सोमवार को कलेक्टर राघवेंद्र सिंह से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा है। मंच ने शहर के साथ ग्रामीण इलाकों में भी तेज आवाज वाले डीजे पर पूरी तरह प्रतिबंध लगाने और नियमों का सख्ती से पालन कराने की मांग रखी है। कलेक्टर ने शिकायत पर जल्द कार्रवाई का भरोसा दिया है,
मंच के संरक्षक डॉ. पीजी नाजपांडे ने कहा कि तेज आवाज के स्वास्थ्य पर असर को लेकर अब तक बुजुर्गों को लेकर ज्यादा चिंता जताई जाती रही है लेकिन हाल में बच्चों और युवाओं से जुड़ी घटनाओं ने इस मुद्दे को और गंभीर बना दिया है। उन्होंने धार्मिक और सामाजिक आयोजनों में तेज आवाज वाले डीजे के इस्तेमाल को रोकने की जरूरत बताई।
जबलपुर में दिए गए ज्ञापन के दौरान बैतूल के जेएच कॉलेज में गणेश विसर्जन जुलूस के दौरान हुई 17 वर्षीय प्रतीक्षा वर्मा की मौत का भी उल्लेख किया गया। शुक्रवार रात जुलूस के दौरान छात्रा की अचानक तबीयत बिगड़ गई थी। चक्कर आने के बाद वह बेहोश हो गई थी। उसे अस्पताल ले जाया गया जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। प्रतीक्षा के परिजनों ने उसकी मौत के लिए तेज डीजे की आवाज को जिम्मेदार बताया है। हालांकि, मौत की वास्तविक वजह की आधिकारिक पुष्टि जांच और मेडिकल रिपोर्ट के बाद ही हो सकेगी।
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