जबलपुर, 5 मई (आईएएनएस)। मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय ने राज्य के राज्यपाल रामनरेश यादव को बड़ी राहत देते हुए उनके खिलाफ दर्ज प्राथमिकी रद्द करने का मंगलवार को आदेश दे दिया।
राज्यपाल यादव के वकील महेंद्र पटैरिया ने संवाददाताओं को बताया कि मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति अजय मानिकराव खानविलकर और न्यायमूर्ति रोहित आर्य की युगलपीठ ने राज्यपाल यादव के खिलाफ व्यायसायिक परीक्षा मंडल (व्यापमं) घोटाले में पुलिस के विशेष कार्य बल (एसटीएफ) द्वारा दर्ज प्राथमिकी (एफआईआर) रद्द करने के आदेश दिए हैं।
पटैरिया ने कहा, “बीते माह 17 अप्रैल को न्यायालय ने एसटीएफ द्वारा दर्ज प्रकरण में स्थगन दिया था और मंगलवार को प्राथमिकी रद्द कर दिया है।”
प्रदेश के बहुचर्चित व्यापमं घोटाले में खुद के खिलाफ एसटीएफ द्वारा प्राथमिकी दर्ज किए जाने को चुनौती देते हुए राज्यपाल यादव ने उच्च न्यायालय में याचिका दायर की थी।
याचिका में संविधान की धारा 361(दो)व(तीन) का हवाला देते हुए कहा गया था कि राष्ट्रपति व राज्यपाल के खिलाफ अपराधिक कार्रवाई नहीं की जा सकती है और उन्हें गिरफ्तार भी नहीं किया जा सकता है।
उल्लेखनीय है कि राज्यपाल यादव के खिलाफ एसटीएफ ने वन रक्षक परीक्षा में आवेदकों की सिफारिश किए जाने के आरोप में प्राथमिकी दर्ज की थी।
dharmpath.com dharmpath