गुवाहाटी, 29 मई (आईएएनएस)। असम में पांच वर्षीय बच्चे की बलि लेने वाले तांत्रिक को गुस्साई भीड़ ने पीट-पीटकर मार डाला। घटना के बाद से क्षेत्र में तनाव व्याप्त है।
पुलिस ने शुक्रवार को बताया कि घटना गुरुवार दोपहर असम के सोनितपुर जिले में स्थित तरजुली चाय बागान में घटी।
पुलिस ने कहा कि तांत्रिक नानू मिरधा ने बच्चे की बलि उस मंदिर में ली, जो उसने तंत्र-मंत्र के लिए बनाया था।
पुलिस ने बताया, “प्रत्यक्षदर्शियों के बयान के मुताबिक, मिरधा बच्चे को बहला-फुसलाकर अपने मंदिर में ले गया और वहां कुल्हाड़ी से उसकी बलि ली।”
बाद में वह मंदिर से बाहर निकला और लोगों को उसे रोकने के लिए ललकारा।
पुलिस ने कहा, “पूरी घटना पर से पर्दा तब उठा, जब बच्चा कल (गुरुवार) काफी देर तक गायब रहा। जिस वजह से परिजन उसे ढूंढने के लिए मजबूर हो गए। उसके बाद उन्होंने वहां मिरधा को पाया और मंदिर के करीब बच्चे का कटा सिर देखा।”
बताया गया कि सुरक्षाकर्मी घटनास्थल पर पहुंचे, लेकिन तब तक गुस्साई भीड़ ने तांत्रिक को पीट-पीटकर मौत के घाट उतार दिया।
कांग्रेस नेता और असम विधानसभा के उपाध्यक्ष भीमनंद तांती ने शुक्रवार को इस घटना पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि यह समाज विशेषकर कुछ चाय जनजाति समुदायों में व्याप्त अंधविश्वास का नतीजा है।
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