नई दिल्ली, 7 जुलाई (आईएएनएस)। मानव संसाधन विकास मंत्रालय ने कहा कि सभी केंद्रीय विश्वविद्यालय के कुलपतियों ने मंगलवार को विकल्प आधारित क्रेडिट प्रणाली (सीबीसीएस) को अपने-अपने संस्थानों में लागू करने के प्रति सहमति व्यक्त की है।
सीबीसीएस पर समीक्षा के लिए आयोजित कुलपतियों की बैठक के दौरान यह निर्णय लिया गया।
मंत्रालय द्वार जारी वक्तव्य के अनुसार, “सभी कुलपतियों ने आश्वास्त किया है कि उनकी तैयारियां पूरी हो चुकी हैं तथा वे इसी अकादमिक सत्र से सीबीसीएस लागू करने जा रहे हैं।”
हालांकि अध्यापक एवं छात्र परेशानी बढ़ाने वाला बताते हुए सीबीसीएस का विरोध कर रहे हैं।
विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) ने दूसरी ओर स्पष्ट किया है कि सीबीसीएस किसी भी तरह विश्वविद्यालयों की अकादमिक स्वतंत्रता के माहौल को नुकसान पहुंचाने वाला नहीं होगा।
देश के कुल 39 केंद्रीय विश्वविद्यायों में 37 विश्वविद्यालयों ने परास्नातक स्तर पर तथा 18 विश्वविद्यालयों ने स्नातक स्तर पर भी सीबीसीएस लागू कर दिया है।
बैठक के दौरान कहा गया कि यूजीसी ने 85 मुख्यधारा के एवं 18 विशेष विषयों के मानक पाठ्यक्रमों को तैयार कर लिया है।
dharmpath.com dharmpath