उप्र : आरटीआई दायर होने पर छात्र को स्कूल से निकाला

इटावा, 13 अगस्त (आईएएनएस)। उत्तर प्रदेश के इटावा जिले में सरस्वती विद्या मंदिर में पढ़ने वाले चौथी कक्षा के एक छात्र को स्कूल प्रबंधन ने महज इसलिए निष्कासित कर दिया गया कि उसकी दादी ने सूचनाधिकार (आरटीआई) के तहत अपने पोते की फीस से जुड़ी जानकारी मांगी।

शिकायत मिलने पर जिला विद्यालय निरीक्षक ने स्कूल प्रबंधन को कारण बताओ नोटिस जारी किया है।

यह मामला इटावा के बसरेहर थानाक्षेत्र के सरस्वती विद्या मंदिर (इंटर कालेज) का है। छात्र अमोघ पाठक की दादी ने आरटीआई दायर कर फीस संबंधी जानकारी मांगी थी। आरोप है कि इसी से नाराज होकर स्कूल प्रबंधन ने चौथी क्लास में पढ़ने वाले बच्चे को निकाल दिया। बच्चे को बीच सत्र में स्कूल से निकाले जाने से अभिभावक परेशान हैं।

इधर, स्कूल प्रबंधन का कहना है कि बच्चे के ‘पिता का चरित्र’ ठीक नहीं है। इसलिए बच्चे को यहां पढ़ने की इजाजत नहीं दी जा सकती।

बच्चे की दादी ने बताया, “स्कूल प्रबंधन ने फर्जी दस्तावेजों के आधार पर बोर्ड की मान्यता हासिल की थी और बच्चों की फीस से जमा रकम का इस्तेमाल भी दूसरे कामों में किया जाता था। जिस दिन से मैंने आरटीआई से जानकारी मांगी, उस दिन से मेरे पोते को टारगेट किया जाने लगा और प्रबंधन ने उसे निकाल दिया।”

कॉलेज के प्रधानाचार्य प्रभु दयाल ने सफाई दी, “आरोप बेबुनियाद है। बच्चे के पिता हमारे यहां नौकरी करते थे। कई बार उनके चरित्र को लेकर सवाल उठे थे। इसलिए प्रबंधन ने उन्हें निकाल दिया। इस बारे में सूचना मांगी गई थी, जो स्कूल प्रबंधन ने जिला विद्यालय निरीक्षक के जरिए दे दिया है। इसके बाद भी बच्चे की दादी आए दिन इधर-उधर की जानकारियां मांग रही थीं। स्कूल का अनुशासन खराब न हो, इसलिए बच्चे का नाम काट दिया गया।”

इटावा के जिला विद्यालय निरीक्षक (डीआईओएस) देवेंद्र प्रकाश का कहना है, “मुझे इस बारे में जानकारी मिली है। स्कूल मैनेजमेंट को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। साथ ही दो अधिकारियों की जांच समिति गठित कर मामले की जांच की जा रही है। आरटीआई के तहत जानकारी लेना सबका अधिकार है।”

About admin


Notice: ob_end_flush(): Failed to send buffer of zlib output compression (0) in /home4/dharmrcw/public_html/wp-includes/functions.php on line 5493