श्रीनगर, 11 सितम्बर (आईएएनएस)। जम्मू एवं कश्मीर में गोमांस पर प्रतिबंध लगाने के उच्च न्यायालय के आदेश के खिलाफ अलगाववादियों के प्रदर्शन के मद्देनजर शुक्रवार को कश्मीर के वरिष्ठ अलगाववादी नेताओं को नजरबंद कर दिया गया।
एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने शुक्रवार को आईएएनएस से कहा, “यह फैसला (अलगाववादियों को नजरबंद करने) कानून व्यवस्था बरकरार रखने के लिए लिया गया है।”
जम्मू एवं कश्मीर उच्च न्यायालय की एक खंडपीठ ने बुधवार को एक याचिका पर सुनवाई के बाद राज्य के पुलिस प्रमुख को गोवध या गोमांस बेचने पर पाबंदी का कड़ाई से अनुपालन कराने का निर्देश दिया था।
अलगाववादी नेताओं ने इस फैसले पर कड़ी प्रतिक्रिया जताते हुए फैसले को धार्मिक मामलों में हस्तक्षेप व राजनीतिक रूप से प्रेरित करार दिया।
हुर्रियत कांफ्रेस के दोनों धड़े तथा जम्मू कश्मीर लिबरेशन फ्रंट ने न्यायालय के फैसले के खिलाफ शुक्रवार को जुमे की नमाज के बाद प्रदर्शन और शनिवार को बंद का आह्वान किया।
प्रदर्शन के मद्देनजर, पुलिस ने शुक्रवार को सैयद अली गिलानी, मीरवाइज उमर फारूक, यासीन मलिक, अल्ताफ फंतोश, एयाज अकबर, मेहराजुद्दीन कलवाल व मुख्तार वाजा जैसे अलगाववादी नेताओं को नजरबंद कर दिया।
पुलिस ने अलगाववादी नेताओं मीरवाइज काजी यासीर, इंजीनियर फारूक डार को दक्षिणी कश्मीर पुलिस थाने में हिरासत में ले लिया।
पिछले कुछ महीनों के दौरान सुरक्षाबलों व पथराव करने वाले प्रदर्शनकारियों के बीच बार-बार हो रही झड़प के मद्देनजर, अतिरिक्त अर्धसैनिक बलों को यहां तैनात किया गया था।
dharmpath.com dharmpath