वाशिंगटन, 24 सितम्बर (आईएएनएस)। अमेरिका के कैलीफोर्निया में एक अदालत ने ऑटिज्म बीमारी के शिकार एक बच्चे के भारतीय मूल के माता-पिता और इनके पड़ोसियों को आदेश दिया है कि वे बातचीत से अपना मसला सुलझाएं। इस मामले में भारतीय दंपति के खिलाफ यह कहते हुए मुकदमा दर्ज कराया गया है कि उनका बच्चा एक ‘सार्वजनिक परेशानी’ है।
आईविटनेस न्यूज की बुधवार की एक रपट के मुताबिक सांता क्लारा काउंटी के न्यायाधीश ने प्रतिवादियों विद्युत गोपाल और पारुल अग्रवाल एवं वादी कुमारन संथानम, उनकी पत्नी बिंदु, राबर्ट एवं मार्सी फ्लावर्स को आदेश दिया कि वह मसले पर बात करें। उन्होंने कहा कि यह मामला ऐसे बच्चों के मामले में बहुत नकारात्मक संदेश देने वाला साबित हो सकता है जिनमें कोई स्वास्थ्य संबंधी समस्या पैदा हो गई हो।
सनाथन ने मामला दायर करते हुए कहा, “काफी हिचक के बाद हमने यह मुकदमा दायर करने के बारे में फैसला किया। हमें अपने बच्चों की हिफाजत करनी है।”
सन्नीवेल नाम की जगह पर रहने वाले गोपाल और अग्रवाल के पड़ोसी ने बीते साल उन पर यह कहते हुए मुकदमा दायर किया था कि दंपति अपने बच्चे को दूसरे बच्चों पर हमला करने से रोकने के लिए कुछ खास उपाय नहीं करते।
राबर्ट फ्लावर्स ने कहा, “हमें उम्मीद है कि हम जब प्रतिवादियों से मिलेंगे तो फिर दोनों पक्षों के लिए स्वीकार्य किसी नतीजे पर पहुंचने में कामयाब होंगे।”
गोपाल सिलिकान वैली की कंपनी में इंजीनियर हैं। अग्रवाल नासा में शोध वैज्ञानिक हैं।
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