जियांग्शू प्रांत के एक प्राथमिक स्कूल के छात्रों में नाक से खून बहने, चक्कर आने और लाल धब्बे पड़ने के दर्जनों मामले सामने आने के बाद स्कूल के नए प्लास्टिक ट्रैक को इसका कारण माना जा रहा है। इन मामलों के बाद सवालों के घेरे में आए इस ट्रैक को स्कूल से हटा दिया गया है और स्थानीय प्रशासन ने इसी तरह के मामलों से बचने के लिए प्रांत के सभी प्लास्टिक ट्रैकों की जांच शुरू कर दी है।
जियांग्शू प्रांतीय सरकार के शिक्षा विभाग के एक अधिकारी डू वेई ने कहा कि इस तरह का एक ही मामला सामना आया है। उन्होंने कहा, “स्कूल ने स्वयं ही धनराशि जुटाने के बाद इस ट्रैक का निर्माण कराया था। कई अन्य स्कूलों ने भी इस तरह के ट्रैकों का निर्माण कराया था लेकिन और कहीं से कोई शिकायत नहीं आई है।”
वेई ने कहा कि सरकार ने हाल ही में स्कूलों में छात्रों के लिए खेलकूद संबंधी सुविधाओं में सुधार किया है। 2012 से लेकर अब तक कुल 552 प्लास्टिक ट्रैक का निर्माण कराया जा चुका है और 113 निर्माणाधीन हैं।
गौरतलब है कि चीन में प्लास्टिक के ट्रैक लोकप्रिय हैं, क्योंकि इसमें खेल के दौरान घायल होने की संभावनाएं कम रहती हैं।
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