बामको (माली), 20 नवंबर (आईएएनएस)। माली की राजधानी बामको में स्थित एक पांच सितारा होटल के अंदर बंदूकधारियों ने 170 लोगों को शुक्रवार को बंधक बना लिया। बंधकों में 20 भारतीय भी शामिल हैं। इस दौरान कम से कम तीन व्यक्ति मारे गए हैं।
बामको (माली), 20 नवंबर (आईएएनएस)। माली की राजधानी बामको में स्थित एक पांच सितारा होटल के अंदर बंदूकधारियों ने 170 लोगों को शुक्रवार को बंधक बना लिया। बंधकों में 20 भारतीय भी शामिल हैं। इस दौरान कम से कम तीन व्यक्ति मारे गए हैं।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता विकास स्वरूप ने नई दिल्ली में कहा कि बंधकों में 20 भारतीय शामिल हैं। उन्होंने कहा कि भारतीय राजदूत बंधक भारतीयों से बराबर संपर्क में हैं और स्थिति पर नजर रखे हुए हैं।
हमलावरों की पहचान अभी तक नहीं हो पाई है। किसी संगठन ने हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है।
सीएनएन की रपट के अनुसार, रेडिसन ब्लू होटल श्रृंखला ने कहा है कि दो बंदूकधारियों ने 140 अतिथियों और 30 कर्मचारियों को बंधक बना लिया है।
अधिकारियों ने कहा है कि मारे गए लोगों में माली के दो नागरिक और एक फ्रेंच नागरिक शामिल हैं।
माली के सरकारी प्रसारक, ओआरटीएम ने कहा कि संयुक्त राष्ट्र के तीन कर्मचारियों सहित कोई 80 लोग मुक्त हो गए हैं।
एयर फ्रांस ने कहा कि विमान कंपनी से संबंध चालक दल के 12 सदस्य होटल में सुरक्षित स्थिति में हैं। एयर फ्रांस ने एहतियातन शुक्रवार बामको के बीच सभी उड़ानें रद्द कर दी।
रेडिसन ब्लू होटल बामको सेनाउ अंतर्राष्ट्रीय हवाईअड्डे से लगभग 15 मिनट की दूरी पर है।
समाचार एजेंसी सिन्हुआ के अनुसार, बंधकों में कम से कम सात चीनी अतिथि शामिल हैं। एक बंधक ने सिन्हुआ के एक संवाददाता के साथ संदेशों का आदान-प्रदान किया है। बंधक ने कहा है कि उसने अपने कमरे के बाद गोलियां चलने की आवज सुनी और उसके बाद धुंए की गंध आई।
माली स्थित संयुक्त राष्ट्र के एक प्रवक्ता, ऑलिवर सलडैगो ने कहा कि एके-47 के साथ दो-तीन हमलावर सुबह लगभग सात बजे वाहन से होटल पहुंचे। वाहन पर राजनयिक प्लेट्स लगी हुई थी।
उन्होंने कहा कि बंदूकधारी उसके बाद होटल में प्रवेश किए और लोगों पर गोलीबारी शुरू कर दी।
सुरक्षा बलों ने उसके बाद जवाबी कार्रवाई शुरू कर दी है।
सलडैगो ने कहा कि होटल में माली शांति प्रक्रिया के लिए एक बड़ा प्रतिनिधिमंडल ठहरा हुआ था।
पश्चिम अफ्रीका में स्थित माली अफ्रीका में आठवां सबसे बड़ा देश है। यह देश जनवरी 2012 से एक सशस्त्र संघर्ष से जूझ रहा है। इसके बाद देश के उत्तर में फ्रांसीसी सैनिकों को इस्लामवादियों के खिलाफ कार्रवाई करनी पड़ी है।
माली के राष्ट्रपति इब्राहिम बौबकर केतिया ने चाड का अपना दौरा बीच में छोड़ दिया है, और वह वापस माली लौट रहे हैं।
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