इस संबंध में बांग्लादेश की संसद ने एक विधेयक पारित किया है।
बांग्लादेश के वित्त मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, “हम अब एआईआईबी का संस्थापक सदस्य बनने जा रहे हैं क्योंकि बुधवार रात हमारी संसद में इस संबंध में एआईआईबी-2016 विधेयक पारित हो गया।”
अधिकारी ने कहा कि देश जल्द ही इस संबंध में अपना सदस्यता शुल्क भी जमा करेगा।
इस संबंध में प्रधानमंत्री शेख हसीना के मंत्रिमंडल ने दिसंबर 2015 में विधेयक को मंजूरी दी थी, जिसे ध्वनिमत से पारित कर दिया गया है।
बांग्लादेश के वित्त एवं योजना मंत्री एम.ए.मनन ने सदन के स्पीकर शिरिन शरमिन चौधरी के समक्ष विधेयक पेश किया।
उन्होंने विधेयक पेश करते हुए अपने भाषण में कहा कि बांग्लादेश को अपनी विकास गतिविधियों के लिए अधिक पूंजी की जरूरत है और इस क्रम में देश को एआईआईबी का सहयोग मिलेगा।
एआईआईबी का उद्देश्य एशिया-प्रशांत क्षेत्र में बुनियादी ढांचा निर्माण में सहयोग देना है। इस बैंक के 30 देश सदस्य हैं। बैंक ने 25 दिसंबर 2015 से कामकाज शुरू कर दिया।
dharmpath.com dharmpath